Ranchi News : रांची | झारखंड की राजधानी रांची के जगन्नाथपुर थाना क्षेत्र में शनिवार देर रात एक हृदयविदारक घटना ने पूरे शहर को स्तब्ध कर दिया। लटमा रोड स्थित एक अपार्टमेंट में रहने वाली महिला ने अपने 14 वर्षीय बेटे और 12 वर्षीय बेटी के साथ फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। तीनों शव एक ही कमरे में फंदे से झूलते मिले, जिससे इलाके में मातम और सनसनी फैल गई।
पुलिस और एफएसएल टीम ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, महिला पिछले तीन वर्षों से अपने पति ब्रजेश सिंह से अलग रह रही थी और मामला कोर्ट में लंबित था। SHO दिग्विजय सिंह के अनुसार, महिला लंबे समय से मानसिक तनाव और अवसाद से जूझ रही थी। वह पति द्वारा भेजे गए खाने-पीने के सामान को लेकर भी आशंका जताती थी और उन्हें स्वीकार नहीं करती थी।
एफएसएल टीम की शुरुआती रिपोर्ट में संकेत मिले हैं कि आत्महत्या पूर्व नियोजित थी और संभवतः महिला ने बच्चों को आत्महत्या के लिए मानसिक रूप से तैयार किया था। बच्चों को यह विश्वास दिलाया गया कि इस दुनिया में उनके लिए कोई सुख या उम्मीद नहीं बची, और केवल मृत्यु ही उन्हें “शांति” दे सकती है।
इस सामूहिक आत्महत्या की पृष्ठभूमि में पारिवारिक तनाव, कोर्ट केस, मानसिक अस्थिरता और सामाजिक अलगाव जैसे कई गंभीर कारण सामने आ रहे हैं। पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और आत्महत्या की असली वजह जानने के लिए जांच तेज कर दी गई है। स्थानीय लोग और पड़ोसी स्तब्ध हैं। अपार्टमेंट में सन्नाटा पसरा है और बच्चों की असमय मृत्यु से लोग गहरे सदमे में हैं।
जगन्नाथपुर थाना प्रभारी ने बताया कि मामले में कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, लेकिन महिला की मानसिक स्थिति और पारिवारिक विवादों को देखते हुए यह आत्महत्या का ही मामला प्रतीत हो रहा है। आसपास के लोगों और परिवार के रिश्तेदारों से पूछताछ की जा रही है।











