NCL Amlori CISF Attack : सिंगरौली (नवानगर)। एनसीएल अमलोरी परियोजना खदान क्षेत्र में ड्यूटी पर तैनात सीआईएसएफ जवान पर जानलेवा हमला कर उसे नाले में फेंकने वाले शातिर अपराधियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। नवानगर थाना पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और आसूचना तंत्र की मदद से दो मुख्य आरोपियों को दबोचने में सफलता हासिल की है, जबकि उनके फरार साथियों की तलाश में छापेमारी जारी है।
क्या थी घटना? बीती 18 जनवरी 2026 की रात, अमलोरी परियोजना में तैनात सीआईएसएफ के प्रधान आरक्षक सतीषचंद्र भारती पर अज्ञात बदमाशों ने लाठी-डंडों से हमला कर दिया था। बदमाशों ने जवान को लहूलुहान करने के बाद खदान से 15 मीटर कीमती केबल तार काटा और घायल जवान को पास के नाले में फेंककर फरार हो गए। इस सनसनीखेज वारदात के बाद सुरक्षा बलों और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था।
वैज्ञानिक साक्ष्यों से खुला मामला पुलिस अधीक्षक मनीष खत्री के निर्देशन में गठित विशेष टीम ने घटनास्थल से मिले फुटप्रिंट्स (पैरों के निशान), दस्ताने और लावारिस मिली एक मोटरसाइकिल को आधार बनाकर जांच शुरू की। मुखबिरों और कबाड़ कारोबारियों से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने मोरवा निवासी रामधानी सिंह और महेंद्र बैगा को हिरासत में लिया। कड़ी पूछताछ में दोनों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया।
इनाम की घोषणा और सख्त कार्रवाई पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर चोरी का माल और वारदात में इस्तेमाल हथियार जब्त कर लिए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए फरार आरोपियों पर ₹10,000 के इनाम की घोषणा की गई है। नगर पुलिस अधीक्षक पी. एस. परस्ते ने बताया कि इस गिरोह के अन्य सदस्यों को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। खदान क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक कड़ा करने के निर्देश दिए गए हैं।













