मऊगंज : मऊगंज जिले के ग्राम दुबिया में 31 दिसंबर 2025 की शाम करीब 4 बजे एक पुराने जमीनी विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। भाजपा मंडल अध्यक्ष सुरेंद्र गिर और उनके समर्थकों पर आरोप हैं कि उन्होंने महिलाओं और बच्चों तक पर लाठी-डंडों से हमला किया। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में पूरी घटना दर्ज है।
पीड़ित का बयान
फरियादी ज्ञानेंद्र तिवारी ने बताया कि सुरेंद्र गिर और पुष्कर गिर पहले शब्दों से गंदी भाषा का प्रयोग करने लगे और फिर शारीरिक हमला शुरू किया। बीच-बचाव करने आए अन्य परिवार के सदस्य भी हमले की चपेट में आए। बच्चों और महिलाओं पर जानलेवा हमला किया गया।
थाने में शिकायत, न्याय के लिए SP कार्यालय तक पहुँचे पीड़ित
घटना के बाद पीड़ित ने थाने में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। मजबूरन पीड़ित SP कार्यालय पहुंचे और न्याय की गुहार लगाई। वीडियो वायरल होने के बावजूद कार्रवाई नहीं होने से कानून की निष्पक्षता पर सवाल उठ रहे हैं।
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सवाल बड़ा: क्या पद से ऊपर कोई है?
इस मामले ने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या किसी राजनीतिक पद से जुड़े व्यक्ति के खिलाफ कानून निष्क्रिय रहता है? क्या बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा संवेदनाहीन हो गई है? मऊगंज में कानून और राजनीतिक सत्ता के बीच की खाई इस घटना में साफ झलकती है।
न्याय की उम्मीद अब फाइलों से बाहर
अब देखना है कि यह मामला फाइलों में ही रह जाता है या न्याय की आवाज़ बनकर समाज के सामने उठता है। इस घटना ने साबित कर दिया है कि जनता की सुरक्षा और कानून की व्याख्या राजनीतिक दबाव के बिना ही होनी चाहिए।











