दतिया। Nishaanebaz.com-Datia Election Petition: मध्य प्रदेश की सियासत से इस वक्त की एक बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है। दतिया विधानसभा सीट से जुड़े चुनावी विवाद में ग्वालियर हाईकोर्ट ने कड़ा रुख अपनाते हुए कांग्रेस विधायक घनश्याम सिंह समेत कुल 22 लोगों को औपचारिक नोटिस जारी किया है। यह कानूनी कार्रवाई भाजपा नेता एवं एडवोकेट दीपक बेलपत्री द्वारा दायर की गई एक चुनाव याचिका (Election Petition) पर की गई है। इस मामले की अगली महत्वपूर्ण सुनवाई आगामी 1 दिसंबर 2026 को होगी।
नामांकन शपथ पत्र में आपराधिक मामले की जानकारी छिपाने का आरोप
याचिकाकर्ता भाजपा नेता एडवोकेट दीपक बेलपत्री ने ग्वालियर हाईकोर्ट में याचिका दायर कर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनके अनुसार, दतिया से कांग्रेस विधायक घनश्याम सिंह ने अपने चुनाव नामांकन फॉर्म के साथ दिए जाने वाले शपथ पत्र (Affidavit) में महत्वपूर्ण और अनिवार्य जानकारियां छिपाई हैं।
आरोप है कि विधायक पर पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की हत्या के बाद हुए एक बवाल और दंगे से जुड़ा आपराधिक मामला दर्ज था, जिसका उल्लेख उन्होंने अपने चुनावी नामांकन के दौरान नहीं किया। जनप्रतिनिधि अधिनियम और चुनाव आयोग के नियमों के तहत इस प्रकार की जानकारियों को छिपाना गंभीर श्रेणी में आता है, जिसके चलते उनकी विधायकी पर कानूनी संकट के बादल मंडराने लगे हैं।
22 लोगों को जारी हुआ नोटिस, पूर्व विधायक भी शामिल
मामले की गंभीरता को देखते हुए हाईकोर्ट ने संज्ञान लेते हुए कुल 22 लोगों को नोटिस भेजा है। इनमें मुख्य रूप से दतिया के कांग्रेस विधायक घनश्याम सिंह, दतिया विधानसभा चुनाव के दौरान नामांकन दाखिल करने वाले 21 अन्य प्रत्याशी तथा कांग्रेस के पूर्व विधायक राजेंद्र भारती भी शामिल हैं। इस हाई-प्रोफाइल कानूनी मामले के सामने आने के बाद से मध्य प्रदेश के राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। अब सभी पक्षों की निगाहें 1 दिसंबर को होने वाली अगली सुनवाई और अदालत के आगामी रुख पर टिकी हुई हैं।
