Jitu Patwari Gwalior Visit : ग्वालियर: मध्य प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष जीतू पटवारी एक दिवसीय प्रवास पर ग्वालियर पहुंचे, जहां रेलवे स्टेशन पर कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया। मीडिया से चर्चा के दौरान पटवारी ने प्रदेश की प्रशासनिक व्यवस्था और भ्रष्टाचार को लेकर बेहद आक्रामक रुख अपनाया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर मध्य प्रदेश में ‘पोस्टिंग के बदले रिश्वत’ के खेल की जांच की मांग की है।
कलेक्टर्स पर चोरी का आरोप और पीएम को पत्र: जीतू पटवारी ने कहा कि उन्होंने प्रधानमंत्री को पत्र इसलिए लिखा है क्योंकि प्रदेश के मुख्य सचिव ने स्वयं स्वीकार किया है कि हर कलेक्टर पैसे लेता है। पटवारी ने तंज कसते हुए कहा, “इसका मतलब है कि जो कलेक्टर जिले में आता है, वह चोरी करने के लिए आता है। उसे मुख्यमंत्री भेजते हैं, यानी पोस्टिंग के लिए पैसे का लेनदेन होता है।” उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि वह उस विभाग के अधिकारियों का अभिनंदन करना चाहते हैं जहां रिश्वत नहीं ली जाती हो। उन्होंने मांग की कि जब मुख्य सचिव खुद ‘अकूत और अकल्पनीय’ भ्रष्टाचार की बात कर रहे हैं, तो मुख्यमंत्री को पद पर रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।
SIR और मतदाता सूची में हेरफेर का आरोप: मतदाता सूची शुद्धिकरण (SIR) को लेकर पटवारी ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि बीजेपी के मंत्रियों को जिले सौंपे गए हैं ताकि वे ब्लॉक स्तर तक ‘मैन्युपुलेशन’ कर सकें। उन्होंने दावा किया कि बीजेपी दफ्तरों से सीधे ‘फॉर्म-7’ भेजे जा रहे हैं ताकि विरोधियों के नाम कटवाए जा सकें। उन्होंने बीएलओ (BLO) और रिटर्निंग अधिकारियों (RO) को चेतावनी देते हुए कहा, “अगर आपने बीजेपी नेताओं के दबाव में बेईमानी की, तो कांग्रेस आपके खिलाफ एफआईआर कराएगी और आपको जेल भिजवाकर ही दम लेगी।”
आउटसोर्स भर्ती पर सरकार को घेरा: आउटसोर्स भर्तियों को बंद किए जाने और कर्मचारियों के भविष्य पर बात करते हुए पटवारी ने कहा कि यह सरकार ही ‘आउटसोर्स’ की है। उन्होंने कहा कि नियमित नौकरियां न देने के कारण ही अस्पताल और मंत्रालय आउटसोर्स पर चल रहे थे। अब सालों से काम कर रहे कर्मचारियों को हटाकर सरकार अपनी संवेदनहीनता का परिचय दे रही है। पटवारी ने ग्वालियर प्रवास के दौरान कई स्थानीय कार्यक्रमों में शिरकत कर कार्यकर्ताओं में जोश भरा।











