The IndiGo crisis deepens : नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो में जारी परिचालन संकट आज भी बरकरार है। मंगलवार (10 दिसंबर 2025) को इंडिगो की 300 से अधिक उड़ानें रद्द हो गईं, जिससे हवाई यात्रियों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। इससे ठीक एक दिन पहले 9 दिसंबर को भी एयरलाइन की 400 से ज्यादा उड़ानें रद्द की गई थीं। इस व्यापक व्यवधान के चलते यात्रियों को हवाई अड्डे पर पहुंचने से पहले अपनी उड़ान का स्टेटस जांचने की सलाह दी गई है, क्योंकि अंतिम समय पर भी शेड्यूल में बदलाव संभव है।
The IndiGo crisis deepens : यह स्थिति तब है जब नागर विमानन मंत्रालय (MoCA) ने 9 दिसंबर को इंडिगो की उड़ानों में 10 फीसदी की कटौती का आदेश दिया था। उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने संसद के भीतर स्थिति को सुधारने और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई का दावा भी किया था। बावजूद इसके, मंत्री के दावे के विपरीत 10 दिसंबर को भी परिचालन की स्थिति बदहाल रही, जो दिखाता है कि संकट अभी टला नहीं है। सरकार ने यह 10% कटौती हाई-डिमांड और हाई-फ्रीक्वेंसी वाले रूट्स पर लागू की है, जिससे रोजाना चलने वाली 2300 में से करीब 230 फ्लाइट्स कम हो जाएंगी।
IndiGo Operations Normalised | A Message From Pieter Elbers, CEO, IndiGo pic.twitter.com/VVB2yTsIBy
— IndiGo (@IndiGo6E) December 9, 2025
The IndiGo crisis deepens : इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, अब DGCA (नागरिक उड्डयन नियामक) भी केंद्र सरकार की जांच के रडार पर आ गया है। नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने एक इंटरव्यू में साफ किया कि इंडिगो की गड़बड़ी के लिए केवल एयरलाइन ही नहीं, बल्कि DGCA के कामकाज की भी जांच होगी। मंत्री ने यात्रियों को हुई परेशानी के लिए माफी मांगी और आश्वासन दिया कि जिम्मेदार लोगों पर कड़ी और उचित कार्रवाई की जाएगी।
The IndiGo crisis deepens : इंडिगो के सीईओ पीटर एल्बर्स को स्थिति की जानकारी देने के लिए मंत्रालय में तलब किया गया था। सीईओ ने मंत्रालय को आश्वस्त किया है कि 6 दिसंबर तक प्रभावित हुई उड़ानों के 100 प्रतिशत रिफंड पूरे कर लिए गए हैं। हालांकि, नये उड़ान सेवा नियमों के दूसरे चरण के लागू होने के बाद से इंडिगो के परिचालन में भारी अव्यवस्था हुई है, जिसमें अब तक 4,000 से अधिक उड़ानें निरस्त और सैकड़ों उड़ानें देर से संचालित हुई हैं।
The IndiGo crisis deepens : इस पूरे मामले में यात्रियों को हुई असुविधा के लिए मुआवजा और रिफंड सुनिश्चित करने के लिए दिल्ली हाईकोर्ट में भी आज सुनवाई होनी है। सरकार ने DGCA को यह भी निर्देश दिया है कि इंडिगो बुधवार शाम 5 बजे तक नया शेड्यूल जमा करे। यह संकट साफ तौर पर दर्शाता है कि देश के नागरिक उड्डयन क्षेत्र में नियामकीय निगरानी और एयरलाइन परिचालन की विश्वसनीयता पर तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है।











