High Court Justice Dhar Visit : धार | 28 मार्च 2026 धार स्थित ऐतिहासिक और पुरातात्विक महत्व की इमारत ‘भोजशाला’ में शनिवार दोपहर उच्च स्तरीय न्यायिक हलचल देखी गई। मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय की इंदौर खंडपीठ के माननीय न्यायमूर्ति ने स्वयं भोजशाला परिसर का दौरा कर वहां की वर्तमान स्थिति और ऐतिहासिक साक्ष्यों का अवलोकन किया। आगामी 2 अप्रैल को होने वाली निर्णायक सुनवाई के मद्देनजर इस औचक निरीक्षण को कानूनी प्रक्रिया का एक अत्यंत महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है।
दोपहर 1:52 बजे हुआ आगमन; सुरक्षा के कड़े इंतजाम
माननीय न्यायमूर्ति दोपहर ठीक 1:52 बजे भोजशाला परिसर पहुंचे। उनके आगमन को लेकर प्रशासन पहले से ही मुस्तैद था। सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के बीच न्यायमूर्ति के साथ धार जिला कलेक्टर प्रियंक मिश्रा और पुलिस अधीक्षक (SP) मयंक अवस्थी भी मौजूद रहे। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) के अधिकारियों ने न्यायमूर्ति को परिसर की वास्तुकला, प्राचीन स्तंभों और शिलालेखों के बारे में विस्तृत तकनीकी जानकारी प्रदान की।
शिलालेखों और स्तंभों का सूक्ष्म मुआयना
निरीक्षण के दौरान न्यायमूर्ति ने भोजशाला के चप्पे-चप्पे को बारीकी से देखा। विशेष रूप से वहां मौजूद प्राचीन शिलालेखों, नक्काशीदार स्तंभों और एएसआई द्वारा अब तक किए गए संरक्षण कार्यों का प्रत्यक्ष अवलोकन किया गया। बताया जा रहा है कि इस दौरे का मुख्य उद्देश्य विवादित स्थल की भौगोलिक और ऐतिहासिक स्थिति को प्रत्यक्ष रूप से समझना है, ताकि 2 अप्रैल को होने वाली सुनवाई के दौरान तथ्यों का सही मूल्यांकन किया जा सके।
प्रशासनिक अमला रहा मुस्तैद
निरीक्षण के दौरान जिला प्रशासन और एएसआई की टीम ने न्यायमूर्ति को परिसर की वर्तमान व्यवस्थाओं और चल रहे वैज्ञानिक सर्वेक्षण (यदि कोई हो) की प्रगति से अवगत कराया। लगभग एक घंटे से अधिक समय तक चले इस मुआयने के दौरान आम जनता का प्रवेश प्रतिबंधित रखा गया था।









