Katni Administration Action : कटनी। मध्य प्रदेश के कटनी जिले में रपटा नदी के प्राकृतिक स्वरूप को बदलकर किए गए अवैध अतिक्रमण पर आज प्रशासन का डंडा चला। कटनी कलेक्टर आशिष तिवारी के सख्त निर्देशों के बाद राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम ने एनकेजे थाना अंतर्गत रपटा नदी के तट पर भारी मशीनों के साथ दबिश दी और अवैध निर्माण को ढहा दिया। इस कार्रवाई से भू-माफियाओं और नदी किनारे अतिक्रमण करने वालों में हड़कंप मच गया है।
नदी की चौड़ाई कम कर किया गया था ‘सौंदर्यीकरण’
प्रशासन को शिकायत मिली थी कि रपटा नदी के घाट से लगकर नदी के तट की चौड़ाई को जानबूझकर कम किया गया है।
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अवैध सौंदर्यीकरण: नदी के प्राकृतिक बहाव और स्वरूप को परिवर्तित कर वहाँ अवैध रूप से सौंदर्यीकरण का कार्य किया गया था।
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नदी को खतरा: तट को छोटा करने से न केवल नदी का अस्तित्व खतरे में पड़ रहा था, बल्कि मानसून के दौरान बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न होने की भी आशंका गहरा गई थी।
एसडीएम की मौजूदगी में हुई कड़ी कार्रवाई
कलेक्टर के आदेश पर एसडीएम प्रमोद चतुर्वेदी स्वयं मौके पर पहुँचे और अपनी निगरानी में बुलडोजर चलवाया। एसडीएम ने बताया कि नदी के किनारों को पाटकर जो भी पक्का या कच्चा निर्माण किया गया था, उसे पूरी तरह हटा दिया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि प्राकृतिक जल स्रोतों के साथ किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
एनकेजे पुलिस ने संभाला मोर्चा
कार्रवाई के दौरान किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए एनकेजे थाना का भारी पुलिस बल मौके पर तैनात रहा। प्रशासन अब उन लोगों की भी पहचान कर रहा है जिन्होंने सौंदर्यीकरण के नाम पर नदी के किनारों पर कब्जा करने की कोशिश की थी। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में जिले की अन्य नदियों और जलाशयों के किनारे भी इसी तरह का सीमांकन और अतिक्रमण विरोधी अभियान चलाया जाएगा।











