गरियाबंद: छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले के युवा पर्वतारोही खेमराज साहू ने एक बार फिर साहस और संकल्प का परिचय देते हुए प्रदेश का मान बढ़ाया है। भारी बर्फबारी, कड़ाके की ठंड और प्रशासनिक प्रतिबंधों जैसी कठिन परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने हिमाचल प्रदेश के मनाली क्षेत्र स्थित पतालसू ट्रेक पर लगभग 9000 फीट की ऊंचाई तक पहुंचकर तिरंगा फहराया।
कठिन मौसम और बर्फीले रास्तों से जंग
जानकारी के अनुसार, खेमराज साहू कुल्लू जिले की सोलंग वैली से पतालसू पीक की ओर ट्रेकिंग के लिए निकले थे, जिसकी कुल ऊंचाई करीब 13,900 फीट मानी जाती है। हालांकि 3 फरवरी 2026 को भारी बर्फबारी के कारण प्रशासन ने ऊंचाई वाले ट्रैक पर रोक लगा दी थी। रास्तों पर 8 से 10 फीट तक जमी बर्फ ने चुनौती को और कठिन बना दिया।
सीने तक बर्फ हटाकर बनाई राह
एडवेंचर वैली के प्रशिक्षित पर्वतारोहियों के मार्गदर्शन में खेमराज और उनके साथियों ने शगाडुग के जंगलों से होकर जोखिम भरा ट्रेक जारी रखा। कई जगह सीने तक जमी बर्फ को हटाकर और धंसते कदमों के बीच रास्ता बनाते हुए उन्होंने लगभग माइनस 6 डिग्री तापमान में 9000 फीट की ऊंचाई पर तिरंगा लहराकर सफलता हासिल की।
राजिम कुंभ कल्प मेला 2026 का संदेश
इस साहसिक अभियान के दौरान खेमराज साहू ने राजिम कुंभ (कल्प) मेला 2026 का प्रचार भी किया। उन्होंने तिरंगे और छत्तीसगढ़ महतारी की तस्वीर के साथ अपनी यात्रा को चित्रों के माध्यम से साझा कर प्रदेश की संस्कृति और पर्यटन को बढ़ावा देने का संदेश दिया।
पहले भी कर चुके हैं उल्लेखनीय उपलब्धियां
गरियाबंद जिले के पोड़ गांव निवासी खेमराज साहू वर्ष 2023 में केदारकंठा शिखर (लगभग 12,500 फीट) फतह कर चुके हैं। उनका नाम वर्ल्ड वाइड बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज है। साथ ही उन्होंने रायपुर से गरियाबंद तक साइकिल यात्रा कर राजिम मेले का प्रचार भी किया था।खेमराज की यह नई उपलब्धि प्रदेश के युवाओं के लिए प्रेरणा बनकर सामने आई है और छत्तीसगढ़ की पहचान को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती देती है।











