भोपाल। MP Food Adulteration Action: प्रकाश के पावन पर्व दीपावली के ठीक पहले मध्य प्रदेश में मिलावटखोरों और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने एक बहुत बड़ा और व्यापक अभियान चलाया है। राज्य शासन के निर्देशानुसार, 1 अक्टूबर से 1 नवंबर 2026 तक पूरे प्रदेशभर में चलाए गए इस विशेष छापेमारी अभियान के दौरान अधिकारियों ने लगभग 35 हजार किलोग्राम (35,181 किलो) से अधिक संदिग्ध खाद्य सामग्री जब्त की है। जब्त की गई इस अमानक और संदिग्ध सामग्री की कुल अनुमानित बाजार कीमत करीब 1 करोड़ 32 लाख रुपये आंकी गई है। इस कार्रवाई के तहत खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम का उल्लंघन करने वाले कुल 21 प्रतिष्ठानों के लाइसेंस एवं पंजीयन तत्काल प्रभाव से निलंबित किए गए हैं, जबकि 150 गंभीर प्रकरण दर्ज कर उन्हें अदालतों में पेश किया गया है।
विभागीय आंकड़ों और रिपोर्ट के मुताबिक, इस एक महीने चलने वाले अभियान में भोपाल, ग्वालियर, भिंड, मुरैना, धार, शिवपुरी, नर्मदापुरम, मंदसौर, सतना और छिंदवाड़ा समेत विभिन्न जिलों की खाद्य सुरक्षा टीमों ने मिठाई की दुकानों, बड़ी डेयरियों, मावा निर्माण इकाइयों, कोल्ड स्टोरेज, गोदामों और अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान दूध, मावा, पनीर, शुद्ध घी, खाद्य तेल, विभिन्न प्रकार की मिठाइयां, नमकीन और अन्य उपभोग्य उत्पादों की गुणवत्ता परखने के लिए कुल 4,850 औपचारिक (नियामक एवं निगरानी) नमूने एकत्र किए गए। इसके अलावा, चलित खाद्य प्रयोगशालाओं (Mobile Food Testing Labs) के जरिए मौके पर ही 6,107 नमूनों की त्वरित जांच की गई। इस प्रकार कुल 10,957 नमूनों के माध्यम से खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता का आकलन किया गया।

राजधानी भोपाल में हुई कार्रवाई के दौरान खाद्य विभाग की टीमों ने लगभग 700 किलो संदिग्ध पनीर जब्त किया, जिसकी कीमत करीब 3 लाख रुपये बताई गई है। इसी प्रकार ग्वालियर में 6.80 क्विंटल और भिंड जिले में लगभग 3,800 किलो संदिग्ध मावा पकड़ा गया। मुरैना में 3,000 किलो सोर्बिटोल के साथ 1,860 किलो मावा और मिल्क केक जब्त किया गया। मंदसौर में मिलावटी दूध तैयार करने वाली एक डेयरी को पूरी तरह सील कर दिया गया, जबकि सतना और छिंदवाड़ा में भी नियमों का उल्लंघन करने वाली इकाइयों और रेस्टोरेंटों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई।
खाद्य एवं औषधि प्रशासन के नियंत्रक मनोज पुष्प ने स्पष्ट किया है कि जब्त की गई सभी सामग्री के नमूनों को परीक्षण के लिए राज्य की प्रयोगशालाओं में भेजा गया है, और अंतिम रिपोर्ट आने के बाद ही विधिक रूप से मिलावट की पुष्टि तय होगी। त्योहारों के इस सीजन में आम नागरिकों को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने और मिलावटखोरों के नापाक मंसूबों को कुचलने के लिए विभाग की यह सख्ती आगे भी निरंतर जारी रहेगी। साथ ही, प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी खाद्य सामग्री में संदेह होने पर ‘फूड सेफ्टी कनेक्ट ऐप’ या हेल्पलाइन नंबर 1800-11-2100 के जरिए अपनी शिकायत दर्ज कराएं।
