Wednesday, September 2, 2026
Home Chhattisgarh Vice President CP Radhakrishnan AIIMS Raipur Convocation: रायपुर AIIMS के दीक्षांत समारोह...

Vice President CP Radhakrishnan AIIMS Raipur Convocation: रायपुर AIIMS के दीक्षांत समारोह में पहुंचे उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन, मेधावियों को दिए गोल्ड मेडल; बोले- ‘हिंसा छोड़ प्रगति की राह पर छत्तीसगढ़’

रायपुर। Nishaanebaz.com-AIIMS Raipur Convocation: अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) रायपुर के तीसरे दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे देश के उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने मेधावी विद्यार्थियों को गोल्ड मेडल और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। समारोह को संबोधित करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि छत्तीसगढ़ अब नक्सलवाद, भय और अभाव के दौर से निकलकर शांति, प्रगति और असीमित अवसरों की नई राह पर आगे बढ़ रहा है। जिन क्षेत्रों में कभी हिंसा का बोलबाला था, वहां अब सड़क, स्कूल, अस्पताल, बेहतर कनेक्टिविटी और नए निवेश की बयार बह रही है।

एम्स रायपुर के तीसरे दीक्षांत समारोह के दौरान विभिन्न संकायों के कुल 689 विद्यार्थियों को उपाधियां (डिग्री) प्रदान की गईं, जिनमें 376 छात्राएं और 313 छात्र शामिल हैं। यह डिग्रियां यूजी, पीजी, सुपर-स्पेशियलिटी, डॉक्टरेट और संबद्ध स्वास्थ्य विज्ञान पाठ्यक्रमों के सफल छात्र-छात्राओं को सौंपी गईं। उत्कृष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन करने वाले मेधावियों को मंच से सम्मानित करते हुए उपराष्ट्रपति ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

कार्यक्रम का विवरण मुख्य तथ्य / आंकड़े
मुख्य अतिथि उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन
कुल डिग्री प्राप्तकर्ता 689 विद्यार्थी (376 छात्राएं, 313 छात्र)
पाठ्यक्रम श्रेणी UG, PG, सुपर-स्पेशियलिटी, डॉक्टरेट व अलाइव साइंस
विशेष अभियान की शपथ ‘से नो टू ड्रग्स’ (नशा मुक्ति का संकल्प)
संस्थान की बड़ी उपलब्धि छत्तीसगढ़ का पहला स्वैप किडनी ट्रांसप्लांट

Read More : Rajnandgaon Accident: राजनांदगांव में दर्दनाक सड़क हादसा: स्कॉर्पियो-बाइक की आमने-सामने टक्कर, 4 लोगों की मौत

उपराष्ट्रपति ने एम्स रायपुर को राज्य में आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं और चिकित्सा क्रांति का महत्वपूर्ण प्रतीक बताया। उन्होंने संस्थान में चल रहे चिकित्सा अनुसंधान, उन्नत इलाज और ट्रांसप्लांटेशन तकनीक की सराहना करते हुए छत्तीसगढ़ के पहले ‘स्वैप किडनी ट्रांसप्लांट’ की उपलब्धि को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि मध्य भारत में एम्स रायपुर जटिल बीमारियों के इलाज और गुणवत्तापूर्ण मेडिकल शिक्षा का एक प्रमुख केंद्र बनकर उभरा है।

Read More : CG High Court: पत्नी की कमाई पर पति कर सकता है सवाल, कोर्ट ने कहा- दोनों को एक-दूसरे की आय जानने का अधिकार

दीक्षांत समारोह के दौरान ‘से नो टू ड्रग्स’ अभियान के तहत सभी युवा डॉक्टरों और विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने का संकल्प दिलवाया गया। छात्र-छात्राओं ने स्वयं नशीले पदार्थों से दूर रहने के साथ समाज और सहपाठियों के बीच नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाने की शपथ ली।

इस गरिमामय समारोह में छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रामेन डेका, केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल, राज्य के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल और रायपुर के सांसद बृजमोहन अग्रवाल विशेष रूप से उपस्थित रहे। इसके अलावा एम्स रायपुर के अध्यक्ष प्रो. (डॉ.) संजीव हांडा तथा कार्यकारी निदेशक (सेवानिवृत्त ले. जनरल) अशोक जिंदल ने भी मंच साझा करते हुए अतिथियों का स्वागत किया और संस्थान की वार्षिक प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here