GGV Law Paper Leak Controversy: बिलासपुर गुरु घासीदास यूनिवर्सिटी में लॉ पेपर लीक पर बवाल; छात्रों के भारी विरोध और घेराव के बाद प्रबंधन झुका

VIKASH KHALKHO

GGV Law Paper Leak Controversy: बिलासपुर (छत्तीसगढ़)। छत्तीसगढ़ की न्यायधानी बिलासपुर स्थित गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय (GGV) में लॉ (विधि) विभाग के पेपर लीक मामले ने एक नया और बड़ा मोड़ ले लिया है। दोबारा परीक्षा (Re-Exam) आयोजित कराने के विश्वविद्यालय प्रशासन के फैसले के खिलाफ लॉ के छात्रों ने मोर्चा खोल दिया। गुरुवार को आक्रोशित छात्रों ने यूनिवर्सिटी प्रबंधन का भारी घेराव करते हुए जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।

छात्रों के उग्र आंदोलन, प्रशासनिक भवन के घेराव और लगातार होती नारेबाजी के बाद आखिरकार विश्वविद्यालय प्रबंधन को झुकना पड़ा। प्रबंधन ने छात्रों की मांगों को स्वीकार करते हुए रि-एग्जाम का जारी नोटिफिकेशन तत्काल प्रभाव से कैंसल (रद्द) करने का बड़ा फैसला सुनाया है।

रि-एग्जाम के फैसले के खिलाफ भड़का छात्रों का गुस्सा

मामला गुरु घासीदास विश्वविद्यालय के लॉ डिपार्टमेंट की परीक्षाओं में हुए कथित पेपर लीक से जुड़ा है। पेपर लीक की जानकारी सामने आने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने संबंधित परीक्षा को निरस्त कर पुनः परीक्षा (Re-Exam) कराने का नोटिफिकेशन जारी किया था।

हालांकि, इस फैसले की जानकारी मिलते ही लॉ के छात्र आक्रोशित हो उठे। छात्रों का तर्क था कि कुछ लोगों की लापरवाही या गड़बड़ी की सजा सभी आम विद्यार्थियों को नहीं दी जानी चाहिए। दोबारा परीक्षा की तैयारी करने से छात्रों पर मानसिक दबाव बढ़ रहा था, जिसके चलते उन्होंने री-एग्जाम का पुरजोर विरोध शुरू कर दिया।

प्रशासनिक भवन का घेराव, यूनिवर्सिटी परिसर में गूंजे नारे

गुरुवार को सैकड़ों की संख्या में लॉ विभाग के विद्यार्थी एकजुट होकर विश्वविद्यालय के प्रशासनिक भवन पहुंचे और मुख्य द्वार का घेराव कर दिया।

  • जमकर नारेबाजी: विद्यार्थियों ने विश्वविद्यालय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए उनके खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

  • प्रमुख मांग: प्रदर्शनकारी छात्रों की एकमात्र मुख्य मांग थी कि दोबारा आयोजित की जाने वाली परीक्षा के फैसले को तत्काल निरस्त किया जाए।

प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे, लेकिन आक्रोशित छात्र अपनी मांग पर अड़े रहे और प्रशासनिक भवन के सामने धरने पर बैठ गए।

आंदोलन रंग लाया: यूनिवर्सिटी प्रबंधन ने वापस लिया फैसला

छात्रों के उग्र रुख और परिसर में बढ़ते तनाव को देखते हुए विश्वविद्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों और संकाय अध्यक्षों की आपातकालीन बैठक हुई। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारी छात्रों के प्रतिनिधिमंडल से बातचीत की।

छात्रों की एकजुटता और कड़े रुख के आगे विश्वविद्यालय प्रबंधन को अंततः अपना फैसला बदलना पड़ा। प्रबंधन ने आधिकारिक तौर पर घोषणा की कि लॉ विभाग के लिए जारी किया गया रि-एग्जाम का नोटिफिकेशन रद्द (Cancel) किया जाता है।

छात्रों में खुशी की लहर:

रि-एग्जाम का नोटिफिकेशन कैंसल होने की खबर मिलते ही प्रदर्शन कर रहे छात्रों में खुशी की लहर दौड़ गई। छात्रों ने इसे अपनी एकजुटता और जायज मांग की बड़ी जीत बताया है।

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विकास कुमार खलखो एक डिजिटल पत्रकार, समाचार संपादक और SEO कंटेंट क्रिएटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में एक दशक से अधिक का अनुभव है। उन्होंने BJMC, Master of Journalism (MJ) और M.Phil. (मीडिया स्टडीज़) की डिग्री हासिल की है और दबंग दुनिया, हमर छत्तीसगढ़ योजना, हरिभूमि, सन स्टार डेली न्यूज़ और छत्तीसगढ़ की आवाज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। उन्हें हिंदी पत्रकारिता, ब्रेकिंग न्यूज़ कवरेज, SEO-फ्रेंडली कंटेंट राइटिंग, डिजिटल पब्लिशिंग, कंटेंट स्ट्रैटेजी, थंबनेल डिज़ाइन और सोशल मीडिया मैनेजमेंट में विशेष महारत हासिल है। उनका उद्देश्य सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों तक प्रभावशाली समाचार पहुँचाना और साथ ही उच्च गुणवत्ता वाला डिजिटल कंटेंट तैयार करना है।
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