CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में प्री-मानसून की दस्तक; बस्तर और सरगुजा संभाग के लिए रेनफॉल का यलो अलर्ट

VIKASH KHALKHO

CG Weather Update: रायपुर/राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ के विभिन्न क्षेत्रों में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है और प्री-मानसून की गतिविधियों ने पूरे प्रदेश को अपनी आगोश में ले लिया है। मौसम विज्ञान विभाग (IMD) से प्राप्त ताजा जानकारी के अनुसार, सरगुजा से लेकर बस्तर संभाग तक झमाझम बारिश का दौर लगातार जारी है। आंधी-तूफान और गरज-चमक के साथ हो रही इस वर्षा ने पिछले कई हफ्तों से भीषण गर्मी और लू की मार झेल रहे प्रदेशवासियों को बड़ी राहत पहुंचाई है। राजधानी रायपुर, बिलासपुर, गरियाबंद, धमतरी, मुंगेली और दुर्ग संभाग के कई जिलों में तेज अंधड़ के साथ भारी वर्षा दर्ज की गई है। इस दौरान कई क्षेत्रों में हवा की रफ्तार 40 से लेकर 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गई, जिससे जनजीवन भी प्रभावित हुआ है।

तापमान में 3 डिग्री तक की गिरावट, राजनांदगांव 42 डिग्री के साथ रहा सबसे गर्म

मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के अधिकतम तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस की उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। उत्तरी और मध्य छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में मेघगर्जन (बादलों की गड़गड़ाहट) के साथ वज्रपात (आकाशीय बिजली गिरने) की घटनाएं, तेज धूलभरी हवाएं और मध्यम से भारी वर्षा रिकॉर्ड की गई है। हालांकि, इस उतार-चढ़ाव के बीच राजनांदगांव जिला शनिवार को पूरे प्रदेश का सबसे गर्म शहर दर्ज किया गया, जहां अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। इसके विपरीत, अन्य प्रमुख शहरों में गर्मी से काफी राहत देखी गई। रायपुर के लालपुर मौसम केंद्र में अधिकतम तापमान 37.8 डिग्री, बिलासपुर में 38 डिग्री, पेंड्रा रोड में 35.8 डिग्री, अंबिकापुर में 35.1 डिग्री, जगदलपुर में 31.7 डिग्री और दुर्ग में पारा 38.6 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं, पेंड्रा रोड में न्यूनतम तापमान गिरकर 22.8 डिग्री सेल्सियस तक आ गया।

बस्तर और सरगुजा संभाग में यलो अलर्ट, 5 दिनों तक नहीं बढ़ेगा पारा

आगामी दिनों के पूर्वानुमान को लेकर मौसम विभाग ने बस्तर और सरगुजा संभाग के अंतर्गत आने वाले सभी जिलों के लिए ‘रेनफॉल का यलो अलर्ट’ जारी किया है। विभाग का कहना है कि अगले 5 दिनों तक प्रदेश के अधिकतम तापमान में कोई विशेष या बड़ा परिवर्तन देखने को नहीं मिलेगा, यानी तापमान नियंत्रण में रहेगा। हालांकि, इस दौरान छत्तीसगढ़ के एक बड़े हिस्से में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने और बिजली गिरने की प्रबल आशंका बनी हुई है, जिसे देखते हुए लोगों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है।

अगले 2 से 3 दिनों में छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में दाखिल होगा दक्षिण-पश्चिम मानसून

किसानों और आम जनता के लिए सबसे बड़ी और राहत भरी खबर मानसून के आगमन को लेकर है। मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि आगामी 2 से 3 दिनों के भीतर दक्षिण-पश्चिम मानसून (South-West Monsoon) के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह से अनुकूल बन चुकी हैं। यह मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक के शेष हिस्सों के साथ-साथ तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, झारखंड, बिहार और छत्तीसगढ़ के कुछ और हिस्सों में तेजी से दस्तक देगा। मौसम विभाग की इस घोषणा के बाद से ही बस्तर संभाग के किसानों ने खरीफ फसलों की बुआई के लिए खेतों को तैयार करने की कवायद तेज कर दी है। प्रशासन ने भी संभावित भारी बारिश को देखते हुए जलभराव वाले इलाकों में मुस्तैदी बढ़ा दी है।

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विकास कुमार खलखो एक डिजिटल पत्रकार, समाचार संपादक और SEO कंटेंट क्रिएटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में एक दशक से अधिक का अनुभव है। उन्होंने BJMC, Master of Journalism (MJ) और M.Phil. (मीडिया स्टडीज़) की डिग्री हासिल की है और दबंग दुनिया, हमर छत्तीसगढ़ योजना, हरिभूमि, सन स्टार डेली न्यूज़ और छत्तीसगढ़ की आवाज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। उन्हें हिंदी पत्रकारिता, ब्रेकिंग न्यूज़ कवरेज, SEO-फ्रेंडली कंटेंट राइटिंग, डिजिटल पब्लिशिंग, कंटेंट स्ट्रैटेजी, थंबनेल डिज़ाइन और सोशल मीडिया मैनेजमेंट में विशेष महारत हासिल है। उनका उद्देश्य सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों तक प्रभावशाली समाचार पहुँचाना और साथ ही उच्च गुणवत्ता वाला डिजिटल कंटेंट तैयार करना है।
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