Sunday, September 6, 2026
Home Chhattisgarh CPI-माओवादी और 6 फ्रंट संगठनों पर सरकार का बड़ा एक्शन! 1साल और...

CPI-माओवादी और 6 फ्रंट संगठनों पर सरकार का बड़ा एक्शन! 1साल और बढ़ा ‘बैन’

निशानेबाज न्यूज़ डेस्क : छत्तीसगढ़ सरकार ने नक्सल गतिविधियों पर सख्ती दिखाते हुए कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (माओवादी) और उसके 6 फ्रंट संगठनों पर लगे प्रतिबंध को एक साल के लिए आगे बढ़ा दिया है। इस संबंध में गृह विभाग द्वारा अधिसूचना जारी कर दी गई है।

किन-किन संगठनों पर लगा प्रतिबंध

सरकार द्वारा जिन संगठनों पर प्रतिबंध बढ़ाया गया है, उनमें दंडकारण्य आदिवासी किसान मजदूर संघ, क्रांतिकारी आदिवासी महिला संघ, क्रांतिकारी आदिवासी बालक संघ, क्रांतिकारी किसान कमेटी, महिला मुक्ति मंच तथा आरपीसी (जनताना सरकार) शामिल हैं। ये सभी संगठन माओवादी गतिविधियों से जुड़े फ्रंट संगठन माने जाते हैं।

विशेष जन सुरक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई

राज्य सरकार ने छत्तीसगढ़ विशेष जन सुरक्षा अधिनियम 2005 के तहत इन संगठनों को विधि-विरुद्ध घोषित किया है। सरकार का कहना है कि इन संगठनों की गतिविधियां राज्य की सुरक्षा, शांति व्यवस्था और संवैधानिक संस्थाओं के कामकाज में बाधा उत्पन्न करती हैं।
Read more : M.P में 3553 शराब दुकानों की नीलामी पूरी, निगम योजना खत्म, ₹20,481 करोड़ की रिकॉर्ड कमाई

12 अप्रैल 2026 से लागू हुआ नया आदेश

जारी अधिसूचना के अनुसार यह प्रतिबंध 12 अप्रैल 2026 से प्रभावी हो गया है और अगले एक वर्ष तक लागू रहेगा। इस दौरान इन संगठनों की किसी भी प्रकार की गतिविधि पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

 कैडर भर्ती और नेटवर्क विस्तार पर रोक

सरकारी सूत्रों के मुताबिक, बैन किए गए संगठनों में कई ऐसे हैं जो आदिवासी क्षेत्रों में सक्रिय होकर लोगों को माओवादी विचारधारा से जोड़ने और कैडर भर्ती करने में लगे थे। खासतौर पर क्रांतिकारी आदिवासी महिला संघ को महिलाओं के बीच प्रभाव बढ़ाने वाला प्रमुख संगठन माना जाता है।

आंतरिक सुरक्षा मजबूत करने की दिशा में कदम

राज्य सरकार का मानना है कि यह कदम नक्सल गतिविधियों को कमजोर करने और आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करने के लिए बेहद जरूरी है। सुरक्षा एजेंसियां इन संगठनों की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।

नक्सल विरोधी रणनीति का हिस्सा

यह फैसला राज्य की व्यापक नक्सल विरोधी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है, जिसके तहत सरकार संगठनात्मक ढांचे को कमजोर करने और जमीनी स्तर पर उनके प्रभाव को खत्म करने की दिशा में लगातार कदम उठा रही है।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here