निशानेबाज न्यूज़ डेस्क : मध्यप्रदेश के जबलपुर जिले के बरगी स्थित इंद्रदमन तालाब के आसपास आवारा कुत्तों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे जंगली जानवरों की जान खतरे में पड़ गई है। जंगल से पानी पीने आने वाले चीतल, हिरण और अन्य वन्यजीव इन कुत्तों के हमलों का शिकार बन रहे हैं।
तालाब बना खतरे का क्षेत्र
स्थानीय ग्रामीणों के मुताबिक, इंद्रदमन तालाब जंगल से सटे इलाके में स्थित है, जहां रोजाना बड़ी संख्या में जंगली जानवर पानी पीने आते हैं। लेकिन तालाब के आसपास घूम रहे आवारा कुत्ते झुंड बनाकर इन जानवरों पर हमला कर देते हैं, जिससे कई बार वे गंभीर रूप से घायल हो जाते हैं।
ताजा मामला: चीतल पर हमला
शनिवार सुबह एक चीतल जब पानी पीने तालाब पहुंचा, तो वहां मौजूद कुत्तों ने उसे घेरकर बुरी तरह घायल कर दिया। सूचना मिलने पर वन सुरक्षा समिति की अध्यक्ष आरती साहू अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचीं और घायल चीतल को प्राथमिक उपचार दिया।
इलाज में लापरवाही के आरोप
वन सुरक्षा समिति ने आरोप लगाया है कि घायल चीतल को वन विभाग को सौंपने की कोशिश की गई, लेकिन विभाग के कर्मचारियों ने उसे अपने साथ ले जाने और इलाज कराने से इनकार कर दिया। इस रवैये पर समिति ने कड़ी नाराजगी जताई है।
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वन विभाग पर उठे सवाल
ग्रामीणों और समिति का कहना है कि इस समस्या को लेकर कई बार वन विभाग को सूचना दी जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। इससे वन्यजीवों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
कार्रवाई की मांग
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इंद्रदमन तालाब के आसपास आवारा कुत्तों पर नियंत्रण किया जाए और घायल जंगली जानवरों के उपचार की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। साथ ही, लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की भी मांग उठाई गई है।











