sukma News : सुकमा : छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में सुरक्षाबलों को नक्सल मोर्चे पर एक बड़ी सफलता मिली है। यहां 27 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है, जिनमें 10 महिलाएं और 17 पुरुष शामिल हैं। सभी पर मिलाकर लगभग 50 लाख रुपये का इनाम घोषित था। बताया गया है कि यह नक्सली लंबे समय से इलाके में सक्रिय थे और कई बड़ी घटनाओं में शामिल रहे हैं।
sukma News : सुरक्षाबलों की लगातार कार्रवाई और आत्मसमर्पण नीति का असर अब दिखने लगा है। बढ़ते दबाव और संगठन के अंदरूनी मतभेदों के चलते नक्सली अब जंगल छोड़ मुख्यधारा में लौट रहे हैं।
वहीं, हाल ही में नक्सल नेता सोनू उर्फ भूपति ने महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में अपने 61 साथियों के साथ आत्मसमर्पण किया था। उसने अपने साथ 50 हथियार भी पुलिस को सौंपे थे। सोनू उर्फ भूपति नक्सल संगठन का बड़ा कैडर और पांच राज्यों — छत्तीसगढ़, ओडिशा, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और महाराष्ट्र — में मोस्ट वांटेड था। उस पर करीब 1 से 1.5 करोड़ रुपये तक का इनाम घोषित था।
जानकारी के अनुसार, सोनू उर्फ भूपति ने संघर्ष विराम को लेकर जारी अपने प्रेस नोट के बाद संगठन में हलचल मचा दी थी। नक्सल संगठन ने उसके और उसके समर्थकों से हथियार वापस लेने के निर्देश दिए थे, जिससे उसकी जान को अपने ही साथियों से खतरा हो गया था।
भूपति वही नक्सली कमांडर है, जिसने झीरम घाटी हमले की साजिश रची थी। इसी हमले में कांग्रेस नेता महेंद्र कर्मा, नंदकुमार पटेल और उनके बेटे की हत्या कर दी गई थी। इस घटना में कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व का भी बड़ा नुकसान हुआ था।
sukma News : भूपति का पूरा नाम मल्लोजुला वेणुगोपाल है, जिसे सोनू, विवेक, लक्षन्ना और रूसी नामों से भी जाना जाता है। वह लगभग 70 वर्ष का है और तेलंगाना के करीमनगर जिले के पेद्दापल्ली गांव का रहने वाला है। उसकी शिक्षा बी.कॉम तक हुई है और पत्नी डीवीसी ताराबाई आंध्र प्रदेश की निवासी हैं। सोनू के आत्मसमर्पण के बाद अब यह सवाल उठने लगे हैं कि क्या झीरम घाटी कांड की सच्चाई अब सामने आएगी या फिर यह रहस्य हमेशा की तरह अधूरा ही रह जाएगा।













