गौरी शंकर गुप्ता/रायगढ़। Nishaanebaz.com-Abhiyan Samvedana: छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में महिला एवं बालिकाओं के विरुद्ध होने वाले अपराधों पर कड़ा रुख अपनाते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन में विशेष अभियान “अभियान संवेदना” चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत लैलूंगा पुलिस ने नाबालिग बालिका को शादी का झांसा देकर उसका शारीरिक शोषण करने वाले आरोपी युवक को महज 24 घंटे के भीतर धर दबोचा और उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया।
क्या है पूरा मामला?
पुलिस से प्राप्त आधिकारिक जानकारी के अनुसार, पीड़िता की माता ने थाना लैलूंगा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उनकी लगभग 17 वर्षीय बेटी फरवरी 2025 में गांव के जंगल में मवेशी (बैल) चराने गई थी। दोपहर करीब 12 बजे जब वह घर लौटी, तो काफी डरी हुई और रो रही थी। पूछताछ करने पर उसने बताया कि पास के ही गांव में रहने वाले संजय यादव ने उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए हैं।
शिकायत में बताया गया कि आरोपी ने पीड़िता को शादी कर अपनी पत्नी बनाकर रखने का झांसा दिया था। इसके बाद वह पीड़िता के नाबालिग होने की बात जानते हुए भी उसे अपने साथ ले गया और करीब छह महीने तक अपने साथ रखकर लगातार उसका शारीरिक शोषण करता रहा। परिजनों द्वारा आरोपी को कई बार समझाइश दिए जाने के बावजूद उसकी हरकतें बंद नहीं हुईं।
पुलिस की त्वरित और सख्त कार्रवाई
पीड़िता की माता की शिकायत पर थाना लैलूंगा में अपराध क्रमांक 329/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64(2)(m) तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 4 और 6 के अंतर्गत मामला पंजीबद्ध कर तुरंत विवेचना शुरू की गई।
विवेचना के दौरान पुलिस ने त्वरित कदम उठाते हुए पीड़िता की आयु के सत्यापन के लिए उसका जन्म प्रमाण पत्र जब्त किया और उसका चिकित्सकीय परीक्षण कराया। इसके बाद आरोपी संजय यादव (19 वर्ष) की पतासाजी कर उसे हिरासत में लिया गया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने सभी आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और फास्ट ट्रैक कोर्ट में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया।
सराहनीय पुलिस टीम
इस महत्वपूर्ण कार्रवाई को अंजाम देने में थाना प्रभारी लैलूंगा उपनिरीक्षक गिरधारी साव, प्रशिक्षु उपनिरीक्षक प्रीतम बघेल, प्रशिक्षु उपनिरीक्षक शुभम मिश्रा, प्रधान आरक्षक जयशरण चंद्रा और आरक्षक सुमित एक्का की अहम भूमिका रही। यह पूरी कार्रवाई एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन, एएसपी अनिल कुमार सोनी के मार्गदर्शन और एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्धांत तिवारी के पर्यवेक्षण में संपन्न हुई।