Skin Care: चेहरे की तरह घुटनों और कोहनी को भी नियमित देखभाल की जरूरत होती है। लेकिन स्किनकेयर रूटीन में अक्सर इन हिस्सों को नजरअंदाज कर दिया जाता है। लगातार घर्षण, ड्राईनेस और धूप के कारण यहां की त्वचा बाकी शरीर की तुलना में ज्यादा रूखी, मोटी या डार्क दिखाई दे सकती है। ऐसे में हल्का एक्सफोलिएशन डेड स्किन हटाने और त्वचा को मुलायम बनाए रखने में मदद कर सकता है।
घुटने और कोहनी क्यों दिखने लगते हैं डार्क?
इन हिस्सों में त्वचा अक्सर सूखी रहती है और लगातार टेबल पर कोहनी टिकाने या घुटनों पर दबाव पड़ने से घर्षण भी होता है। इसके अलावा धूप, त्वचा की देखभाल में कमी और कुछ लोगों में हार्मोनल बदलाव भी पिगमेंटेशन को प्रभावित कर सकते हैं। इसलिए सिर्फ मॉइश्चराइजर लगाने के बजाय त्वचा को मॉइश्चराइज रखने के साथ ही हल्का एक्सफोलिएशन भी किया जा सकता है।
चीनी और शहद का स्क्रब
एक कटोरी में एक चम्मच बारीक चीनी और एक चम्मच शहद मिलाकर पेस्ट तैयार करें। इसे घुटनों और कोहनी पर बहुत हल्के हाथों से करीब 1-2 मिनट मसाज करें और फिर पानी से धो लें। इसके बाद मॉइश्चराइजर जरूर लगाएं। संवेदनशील त्वचा पर इसे इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट करें।
कॉफी और नारियल तेल से बनाएं स्क्रब
एक चम्मच कॉफी पाउडर में एक चम्मच नारियल तेल मिलाएं। अब इसे प्रभावित हिस्से पर हल्के हाथों से लगाएं और करीब एक मिनट मसाज करने के बाद धो लें। कॉफी के दाने एक्सफोलिएशन में मदद कर सकते हैं, जबकि तेल त्वचा को मुलायम रखने में मदद करता है।
ओटमील और दही का इस्तेमाल
अगर आपकी त्वचा रूखी या संवेदनशील है, तो ओटमील और दही का मिश्रण अपेक्षाकृत सौम्य विकल्प हो सकता है। एक चम्मच बारीक ओटमील में एक चम्मच दही मिलाकर पेस्ट बनाएं। इसे त्वचा पर लगाकर बिना ज्यादा रगड़े कुछ देर रहने दें और फिर पानी से साफ कर लें।
कितनी बार करें स्क्रब?
घुटनों और कोहनी पर रोज स्क्रब करने की जरूरत नहीं है। हफ्ते में एक बार से शुरुआत करें और त्वचा को देखकर जरूरत हो तो अधिकतम एक-दो बार तक इस्तेमाल कर सकते हैं। स्क्रब के बाद अच्छी तरह मॉइश्चराइजर लगाना न भूलें। अगर त्वचा पर कट, रैश, जलन या सूजन है, तो उस समय एक्सफोलिएशन न करें।
ध्यान रखें कि घरेलू स्क्रब त्वचा को मुलायम और साफ दिखाने में मदद कर सकते हैं, लेकिन कालेपन का कारण हमेशा सिर्फ डेड स्किन नहीं होता। नींबू जैसे एसिडिक घरेलू नुस्खे खासकर संवेदनशील त्वचा में जलन कर सकते हैं, इसलिए इन्हें सीधे लगाने से बचना बेहतर है और अचानक बढ़ रहे पिगमेंटेशन के लिए त्वचा विशेषज्ञ से सलाह लेना सही रहेगा।






