भोपाल: मध्य प्रदेश सरकार ने शिक्षा क्षेत्र में दो अहम निर्देश जारी किए हैं। पहला, निजी स्कूलों की मान्यता एवं नवीनीकरण और दूसरा, एमपी बोर्ड 10वीं-12वीं परीक्षा से संबंधित।
निजी स्कूलों की मान्यता के लिए आवेदन 20 जनवरी तक
राज्य शिक्षा केंद्र ने सभी निजी स्कूलों को शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए मान्यता और नवीनीकरण हेतु आवेदन अनिवार्य किया है। पहले आवेदन की अंतिम तिथि 31 दिसंबर 2025 थी, लेकिन तकनीकी और व्यावहारिक कारणों से यह तिथि बढ़ाकर 20 जनवरी 2026 कर दी गई है।
अधिकारियों ने चेताया है कि समय सीमा के भीतर आवेदन न करने पर स्कूल की मान्यता रद्द मानी जाएगी। इसके अलावा, शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 की धारा 18 के तहत यह लापरवाही दंडनीय अपराध मानी जाएगी।
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एमपी बोर्ड 10वीं-12वीं परीक्षा में सख्त नियम
मध्य प्रदेश बोर्ड ने आगामी 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं। निर्देशों के अनुसार:
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सामूहिक नकल करने पर पूरे केंद्र की परीक्षा रद्द होगी।
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परीक्षा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की सख्त निगरानी की जाएगी।
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नकल करने वाले छात्रों पर 3 साल की जेल या 5 हजार रुपए का जुर्माना लगाया जा सकता है।
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यदि कोई व्यक्ति छात्रों की सहायता करता है, तो उसे भी 3 साल की सजा का प्रावधान है।
उद्देश्य और प्रभाव
सरकार का लक्ष्य शिक्षा क्षेत्र में पारदर्शिता और अनुशासन सुनिश्चित करना है। मान्यता नवीनीकरण और परीक्षा सुरक्षा के ये निर्देश सुनिश्चित करेंगे कि स्कूल और छात्र दोनों नियमों का पालन करें और गुणवत्ता शिक्षा का स्तर बना रहे।











