Mobile Forensics Lab : भोपाल: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज राजधानी भोपाल स्थित पुलिस मुख्यालय (PHQ) पहुंचे, जहां उन्होंने राज्य की कानून-व्यवस्था को और अधिक आधुनिक और प्रभावी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए। मुख्यमंत्री ने यहाँ आयोजित ‘स्टेट लेवल पुलिस कॉन्फ्रेंस’ में शिरकत की और प्रदेश भर से आए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की।
Mobile Forensics Lab : मुख्यमंत्री का पुलिस मुख्यालय पहुँचने पर गरिमामय स्वागत किया गया। उन्हें सशस्त्र बल द्वारा ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ दिया गया, जिसके बाद डीजीपी (पुलिस महानिदेशक) सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने उनकी अगवानी की। इस दौरे का मुख्य आकर्षण पुलिस जांच प्रणाली को हाईटेक बनाने की दिशा में मोबाइल फोरेंसिक लैब का शुभारंभ रहा।
Mobile Forensics Lab : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 14 नई मोबाइल फोरेंसिक लैब गाड़ियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। ये वाहन अत्याधुनिक वैज्ञानिक उपकरणों से लैस हैं, जो अपराध स्थल (Crime Scene) पर पहुँचकर तत्काल साक्ष्य जुटाने और उनकी प्रारंभिक जांच करने में सक्षम होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन वैन के संचालन से जांच में तेजी आएगी और अपराधियों को सजा दिलाने में वैज्ञानिक साक्ष्य महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
Mobile Forensics Lab : मोबाइल फोरेंसिक लैब के शुभारंभ के बाद, मुख्यमंत्री ने पुलिस मुख्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक में प्रदेश की वर्तमान कानून-व्यवस्था, महिला सुरक्षा और साइबर अपराधों पर लगाम लगाने जैसे गंभीर विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। डीजीपी सहित सभी जोन के आईजी और वरिष्ठ पुलिस कप्तान बैठक में मौजूद रहे।
Mobile Forensics Lab : मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि पुलिसिंग को जनता के प्रति संवेदनशील और अपराधियों के प्रति कठोर बनाया जाए। उन्होंने तकनीकी के बढ़ते उपयोग पर जोर देते हुए कहा कि मध्य प्रदेश पुलिस को देश की सबसे आधुनिक और दक्ष पुलिस बल बनाने के लिए सरकार संसाधनों की कमी नहीं होने देगी। इस कॉन्फ्रेंस को आगामी चुनाव और त्यौहारों के मद्देनजर सुरक्षा तैयारियों से भी जोड़कर देखा जा रहा है।













