भोपाल : उत्तर भारत में जारी कड़ाके की सर्दी का असर अब मध्य प्रदेश में भी साफ नजर आने लगा है। पहाड़ी इलाकों से आ रही बर्फीली हवाओं ने प्रदेश का मौसम पूरी तरह बदल दिया है। कई जिलों में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच गया है, जिससे ठंड का प्रकोप बढ़ गया है।
चार शहरों में 5 डिग्री से नीचे पहुंचा पारा
बीती रात प्रदेश के चार शहरों में तापमान 5 डिग्री से कम दर्ज किया गया। सबसे कम न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि शाजापुर में शीतलहर (कोल्ड वेव) की स्थिति बनी रही। ठंडी हवाओं के कारण सुबह और रात के समय लोगों को खासा परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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कोहरे की चादर में लिपटा प्रदेश
शुक्रवार सुबह उत्तर और उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश में घना और मध्यम कोहरा छाया रहा। ग्वालियर-चंबल, रीवा, शहडोल और सागर संभाग में ठंड का असर सबसे ज्यादा देखने को मिला। ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना और रीवा में दृश्यता काफी कम रही।
भोपाल-इंदौर समेत कई जिलों में मध्यम कोहरा
राजधानी भोपाल, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर, सागर, रतलाम, राजगढ़, शाजापुर, सीहोर और रायसेन जैसे जिलों में भी मध्यम कोहरे का असर देखा गया, जिससे सुबह के समय यातायात प्रभावित हुआ।
19 जनवरी से बदलेगा मौसम का मिजाज
मौसम विभाग के अनुसार 16 जनवरी से सक्रिय होने वाला वेस्टर्न डिस्टर्बेंस आगे बढ़ गया है। अब एक नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस 19 जनवरी से उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है। इसके असर से 20 जनवरी के बाद मध्य प्रदेश में बादल छाने और हल्की बारिश के आसार बन सकते हैं।











