Indore MG Road TI Complaint : इंदौर। मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में खाकी एक बार फिर दागदार होती नजर आ रही है। शहर के एमजी रोड थाना प्रभारी (TI) सिसौदिया के खिलाफ एक दुष्कर्म पीड़िता ने पुलिस जनसुनवाई में पहुंचकर गंभीर शिकायत दर्ज कराई है। पीड़िता का आरोप है कि थाना प्रभारी उसे बार-बार फोन लगाकर देर रात बात करने के लिए अनुचित दबाव बना रहे हैं।
कॉल रिकॉर्ड्स और स्क्रीनशॉट के साथ पहुंची पीड़िता
पीड़िता ने मंगलवार को वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के समक्ष उपस्थित होकर अपनी व्यथा सुनाई। शिकायत में कहा गया है कि:
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अवांछित कॉल: टीआई सिसौदिया द्वारा पीड़िता को बेवजह बार-बार फोन किए जा रहे हैं।
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देर रात की बातचीत: पीड़िता का आरोप है कि थाना प्रभारी उससे देर रात तक फोन पर बात करने की जिद करते हैं, जिससे वह असुरक्षित और मानसिक रूप से प्रताड़ित महसूस कर रही है।
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सबूत पेश किए: पीड़िता ने केवल आरोप ही नहीं लगाए, बल्कि टीआई द्वारा किए गए कॉल्स के मोबाइल स्क्रीनशॉट भी शिकायती आवेदन के साथ अधिकारियों को सौंपे हैं।
एडिशनल पुलिस कमिश्नर ने बैठाई जांच
मामले की गंभीरता और पीड़िता की स्थिति को देखते हुए इंदौर के एडिशनल पुलिस कमिश्नर आर.के. सिंह ने तुरंत संज्ञान लिया है। उन्होंने इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच के आदेश जारी कर दिए हैं।
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महिला अधिकारी को जिम्मेदारी: मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जांच की जिम्मेदारी एसीपी (ACP) रुबीना मिजवानी को सौंपी गई है।
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तथ्यों की पुष्टि: जांच अधिकारी अब पीड़िता के बयानों और सौंपे गए डिजिटल साक्ष्यों (स्क्रीनशॉट्स) का मिलान करेंगे।
पुलिस की साख पर सवाल
एक ओर जहाँ पुलिस ‘महिला सुरक्षा’ के बड़े-बड़े दावे करती है, वहीं एक दुष्कर्म पीड़िता द्वारा सुरक्षा देने वाले अधिकारी पर ही इस तरह के आरोप लगाना व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है। वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित थाना प्रभारी के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक और कानूनी कार्रवाई की जाएगी।











