कोलकाता, 19 अगस्त 2025 – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 22 अगस्त को 2.45 किलोमीटर लंबे सियालदह–एस्प्लानेड मेट्रो सेक्शन का उद्घाटन करेंगे। यह नया मार्ग हुगली नदी के नीचे से गुजरता है, जिससे हावड़ा और सियालदह जुड़ेंगे – दोनों कोलकाता महानगर के प्रमुख केंद्र हैं।
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अंडरवाटर मेट्रो: तकनीकी चमत्कार
- कोलकाता मेट्रो का यह हिस्सा देश का पहला अंडरवाटर मेट्रो रूट है।
- ट्रेनें अब हुगली नदी को केवल 45 सेकंड में पार कर रही हैं।
- सुरंग निर्माण में आधुनिक तकनीक और सुरक्षा मापदंडों का उपयोग किया गया, जिससे यह अंतरराष्ट्रीय स्तर के मानकों के बराबर है।
येलो लाइन का विस्तार
- नया सेक्शन नोआपाड़ा से जय हिंद विमान बंदर (Dumdum Airport Terminal) तक फैलता है।
- यात्रियों को बार-बार वाहन बदलने की जरूरत नहीं होगी, जिससे रोज़ाना यात्रा आसान और सुविधाजनक बनेगी।
यातायात और पर्यावरण पर प्रभाव
- हावड़ा और सियालदह जैसे भीड़भाड़ वाले स्टेशनों पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा।
- शहर के व्यस्ततम इलाकों में सड़क यातायात में उल्लेखनीय गिरावट आएगी।
- यात्रा समय घटकर 15–20 मिनट हो जाएगा, पहले जहां 45 मिनट या उससे अधिक लगता था।
- प्रदूषण में कमी और समय की बचत के साथ यात्रियों के लिए सुविधा और आराम बढ़ेगा।
शहर के लिए महत्व
- नया मेट्रो कॉरिडोर केवल यात्रा का साधन नहीं, बल्कि कोलकाता के भविष्य की दिशा में एक बड़ा कदम है।
- इससे शहर की कनेक्टिविटी और आर्थिक गतिविधियां दोनों बढ़ेंगी।
- यह सुविधा यात्रियों के लिए तेज़, सुरक्षित और स्मार्ट अनुभव प्रदान करेगी।









