भोपाल: राजधानी के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल हमीदिया अस्पताल में मरीजों और उनके परिजनों से ठगी का गंभीर मामला सामने आया है। जांच में खुलासा हुआ है कि एक आरोपी इंदौर से भोपाल आकर खुद को अस्पताल से जुड़ा व्यक्ति बताकर मरीजों से इलाज के नाम पर पैसे वसूल रहा था।
जनवरी से लगातार मरीजों को बनाया शिकार
अस्पताल प्रशासन को मिली शिकायतों के बाद जब मामले की प्रारंभिक जांच की गई, तो सामने आया कि जनवरी से अब तक करीब 10 मरीजों को इसी तरह ठगा गया है। आरोपी मरीजों की गंभीर बीमारी का डर दिखाकर उनसे नकद राशि लेता था।
पीड़ित ने सुनाई आपबीती
करीब एक सप्ताह पहले एक मरीज ने अस्पताल अध्यक्ष डॉ. सुनील टंडन से शिकायत की थी। पीड़ित ने बताया कि आरोपी ने उसकी पत्नी के लिवर में सूजन होने की बात कहकर तत्काल इलाज का हवाला दिया और करीब ₹5,000 वसूल लिए। बाद में उसे ठगी का अहसास हुआ।
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स्टाफ की मिलीभगत की आशंका
जांच के दौरान यह भी संदेह जताया जा रहा है कि इस पूरे मामले में अस्पताल के कुछ कर्मचारियों की मिलीभगत हो सकती है। प्रशासन अब संबंधित कर्मचारियों की भूमिका और संदिग्ध बैंक खातों की जांच कराने की तैयारी में है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वसूली गई रकम कहां पहुंची।
प्रशासन सख्त, कार्रवाई की तैयारी
अस्पताल प्रबंधन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए विस्तृत जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
यह घटना सरकारी अस्पतालों की सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। मरीजों की मजबूरी का फायदा उठाकर ठगी करना न सिर्फ अपराध है, बल्कि मानवता के खिलाफ भी है। अब सभी की नजर इस बात पर है कि जांच के बाद कितने बड़े नेटवर्क का खुलासा होता है।











