Gharghoda Vehicle Theft : गौरी शंकर गुप्ता/रायगढ़/घरघोड़ा। रायगढ़ जिले का घरघोड़ा थाना क्षेत्र इन दिनों वाहन चोरों के लिए चारागाह बनता जा रहा है। पिछले कुछ दिनों के भीतर हुई दो बड़ी वारदातों ने स्थानीय पुलिस की रात्रि गश्त और सुरक्षा दावों की कलई खोल दी है। इन घटनाओं से क्षेत्र के ट्रांसपोर्ट व्यवसायियों में भारी रोष और असुरक्षा का माहौल है।
पहली वारदात: टेरम पेट्रोल पंप के पास से ट्रेलर गायब चोरी की पहली बड़ी घटना ग्राम टेरम स्थित पेट्रोल पंप के पास हुई। यहाँ 5 जनवरी की देर रात अज्ञात चोरों ने खड़े ट्रेलर (क्रमांक CG-13-Z-3585) पर हाथ साफ कर दिया। ट्रांसपोर्ट व्यवसायी मनीष कुमार सिंह के अनुसार, चोरी गए वाहन की कीमत लगभग 8 लाख रुपये है। पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 303(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया है, लेकिन अब तक ट्रेलर का कोई सुराग नहीं मिल सका है।
दूसरी वारदात: टायर-डीजल चोरी और चालक का रहस्यमयी ढंग से गायब होना दूसरी घटना ग्राम कटंगडीह रोड की है, जहाँ सड़क किनारे खड़े एक नए चेचिस ट्रक से चोरों ने 2 नग टायर और लगभग 200 लीटर डीजल पार कर दिया। इस चोरी में करीब 40 हजार रुपये का नुकसान बताया जा रहा है। इस मामले में एक नया मोड़ तब आया जब पता चला कि घटना के बाद से ट्रक चालक लापता है और उसका मोबाइल भी बंद है। शिकायतकर्ता ने चालक की संलिप्तता का संदेह जताया है, जिसकी पुलिस जांच कर रही है।
जनता का सवाल: कागजों पर ही है क्या गश्त? सड़क किनारे खड़े ट्रक-ट्रेलर और नए वाहनों को निशाना बनाए जाने से ट्रांसपोर्टर बेहद परेशान हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस की रात्रि पेट्रोलिंग केवल मुख्य मार्गों तक सीमित है, जिसके कारण अंदरूनी सड़कों पर चोर बेखौफ होकर वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। जनता अब पुलिस से ‘कायमी’ की सूचना के बजाय आरोपियों की गिरफ्तारी और माल की बरामदगी की मांग कर रही है।
घरघोड़ा पुलिस ने मामलों की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित कर दिया है। अब यह देखना होगा कि नए नेतृत्व में पुलिस इन वारदातों का खुलासा कर जनता और ट्रांसपोर्टरों का खोया हुआ भरोसा कब तक बहाल कर पाती है।











