मथुरा (उत्तर प्रदेश): शनिवार तड़के करीब 3:30 बजे मथुरा जिले के सुरीर कोतवाली क्षेत्र में माइल स्टोन-88 के पास एक भीषण सड़क हादसा हो गया। लघुशंका के लिए बस से उतरे यात्रियों को पीछे से आ रहे तेज रफ्तार कंटेनर ने कुचल दिया। इस दर्दनाक दुर्घटना में छह लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि नौ यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए।
सूचना मिलते ही पुलिस और एक्सप्रेसवे सुरक्षा दल मौके पर पहुंचे तथा घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी और चीख-पुकार का माहौल बन गया।
नोएडा से आगरा जा रही थी निजी बस
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, एक निजी बस यात्रियों को लेकर नोएडा से आगरा की ओर जा रही थी। रास्ते में कुछ यात्रियों को लघुशंका लगी, जिस पर चालक ने बस को सड़क किनारे रोक दिया। यात्री जैसे ही नीचे उतरे, पीछे से तेज रफ्तार में आ रहे कंटेनर ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों ने सुनाई भयावह कहानी
मौके पर मौजूद लोगों के मुताबिक हादसा इतना अचानक हुआ कि यात्रियों को संभलने तक का अवसर नहीं मिला। अंधेरा और तेज गति कंटेनर चालक पर भारी पड़ गई और वाहन नियंत्रण से बाहर होकर सड़क किनारे खड़े लोगों को कुचलता चला गया। टक्कर के बाद एक्सप्रेसवे पर भगदड़ जैसे हालात बन गए।
15 लोग आए चपेट में, राहत-बचाव तुरंत शुरू
मथुरा पुलिस के अनुसार, कुल 15 यात्री कंटेनर की चपेट में आए थे। इनमें से छह की मौके पर मृत्यु हो गई, जबकि नौ घायलों को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की टीम उनका इलाज कर रही है और कुछ की स्थिति नाजुक बताई जा रही है।
पुलिस जांच और कानूनी कार्रवाई जारी
पुलिस ने मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और उनकी पहचान की प्रक्रिया जारी है। घटना को लेकर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि हादसे के कारणों की विस्तृत जांच की जाएगी तथा जिम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई होगी।
यमुना एक्सप्रेसवे पर हुआ यह हादसा एक बार फिर तेज रफ्तार और सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि एक्सप्रेसवे पर वाहन रोकने और यात्रियों के उतरने के नियमों का सख्ती से पालन ही ऐसी त्रासदियों को रोक सकता है।













