US-India trade deal : नई दिल्ली। भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार समझौते (Bilateral Trade Deal) को लेकर बातचीत अंतिम दौर में है। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने इस डील और भारत की विदेश व्यापार नीति पर अपनी बात रखी है।
‘फेयर और बेहतरीन डील’ की उम्मीद
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर कहा कि दोनों पक्षों के बीच बातचीत अच्छी चल रही है और जल्द ही समझौता होने की उम्मीद है। उन्होंने दोहराया, “हम एक फेयर और बेहतरीन डील करेंगे।”
US-India trade deal : भारत अपनी शर्तों पर करता है डील
जब गोयल से यह सवाल किया गया कि क्या भारत को उसकी शर्तों के अनुसार लॉन्ग टर्म फेयर ट्रेड डील मिल रही है, तो उन्होंने स्पष्ट रूप से भारत की विदेश नीति का पक्ष रखा।
राष्ट्रीय हित सर्वोपरि: उन्होंने कहा कि मुझे नहीं लगता कि भारत ने कभी भी राष्ट्रीय हित के अलावा किसी अन्य आधार पर यह तय किया है कि उसके मित्र कौन होंगे।
दबाव अस्वीकार्य: उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा, “अगर कोई मुझसे कहता है कि आप यूरोपीय संघ के साथ दोस्ती नहीं रख सकते, तो मैं इसे स्वीकार नहीं करूंगा या कोई कल मुझसे कहता है कि मैं केन्या के साथ काम नहीं कर सकता, यह अस्वीकार्य नहीं है।”
US-India trade deal : गोयल का यह बयान उस संदर्भ में महत्वपूर्ण है, जहाँ अमेरिका द्वारा भारत पर रूस से कच्चा तेल खरीदना बंद करने का दबाव बनाने की खबरें हैं।
किस देश का प्रोडक्ट खरीदें, यह उस देश की मर्जी
गोयल ने ट्रेड डील पर कहा कि किसी देश के खास उत्पाद को खरीदने का फैसला पूरी तरह से डील करने वाले देश का होता है। उन्होंने साफ किया कि दुनिया तय करती है कि उसे कौन सा प्रोडक्ट चाहिए।
भारत की अर्थव्यवस्था पर दावा
केंद्रीय मंत्री ने यह भी बताया कि भारत 2014 की नाजुक अर्थव्यवस्था से उठकर आज दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है, जिसका लक्ष्य 2027 तक GDP का आकार $5 ट्रिलियन करना है।









