गौरी शंकर गुप्ता/घरघोड़ा। घरघोड़ा थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम कपाटडेरा भेण्ड्रा में हुए सनसनीखेज दोहरे हत्याकांड की गुत्थी को पुलिस ने महज छह घंटे के भीतर सुलझाकर अपराधियों को धर दबोचा है। बुधवार की सुबह गुरबार सिंह राठिया (43) और उनकी पत्नी मनिता राठिया (30) के रक्तरंजित शव उनके घर के बाहर पड़े मिले थे, जिससे पूरे गांव में दहशत फैल गई थी। पुलिस की त्वरित जांच में सामने आया कि मृतक गुरबार सिंह के भतीजे ने अपने रिश्ते के मामा के साथ मिलकर इस दोहरे हत्याकांड को पुरानी रंजिश और पैसों के लेन-देन के विवाद में अंजाम दिया था।
दोहरे हत्याकांड की सूचना मिलते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। थाना प्रभारी घरघोड़ा, निरीक्षक कुमार गौरव साहू सहित पुलिस अधीक्षक श्री दिव्यांग पटेल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री आकाश मरकाम, एसडीओपी धरमजयगढ़ श्री सिद्दांत तिवारी और डीएसपी साइबर सेल अनिल विश्वकर्मा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे। एफएसएल और डॉग स्क्वॉड की टीम ने भी मौके पर पहुंचकर बारीकी से साक्ष्य एकत्र किए। प्रारंभिक जांच और पूछताछ में पुलिस को जल्द ही आरोपियों के संबंध में महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगे, जिससे यह बड़ा खुलासा संभव हो सका।
पुलिस की पूछताछ में गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। आरोपियों की पहचान ओमप्रकाश राठिया (भतीजा, 32 वर्ष) और भगलु उर्फ ओमप्रकाश राठिया (रिश्ते का मामा, 20 वर्ष) के रूप में हुई है, जो कपाटडेरा भेण्ड्रा गांव के ही निवासी हैं। आरोपियों ने बताया कि उनकी हत्या की मुख्य वजह पुरानी रंजिश थी। आरोपी भगलु के पिता के साथ लगभग 3-4 साल पहले मृतक गुरबार सिंह ने मारपीट की थी, जिसकी रंजिश भगलु के मन में थी। इसके अलावा, आरोपी ओमप्रकाश राठिया को 1-2 साल पहले रास्ते में 200 रुपये मिले थे, किंतु मृतक दंपति को आशंका थी कि यह उनके गुम हुए 6000 रुपये का हिस्सा था, जो ओमप्रकाश ने वापस नहीं किया।
आरोपियों ने बताया कि 21 अक्टूबर 2025 की रात वे गुरबार सिंह के घर गए थे, जहाँ एक साथ उन्होंने खाना-पीना किया। इसी दौरान मृतक गुरबार सिंह ने आरोपियों को पैसा वापस करने को लेकर गाली-गलौज की और मारपीट शुरू कर दी। इसी बात पर तैश में आकर दोनों आरोपियों ने पास में रखे डंडे और लात-घूंसों से दंपति पर हमला कर दिया और उन्हें जमीन पर घसीटा। मारपीट में चाचा-चाची के बेहोश हो जाने पर दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त डंडा और मोबाइल फोन बरामद कर लिया है।
पुलिस अधीक्षक श्री दिव्यांग पटेल के कुशल मार्गदर्शन में, थाना प्रभारी निरीक्षक कुमार गौरव साहू के नेतृत्व में एएसआई खेमराज पटेल, रामसाजीवन वर्मा और अन्य टीम सदस्यों ने सहयोगी नागरिक कालिया गुप्ता की मदद से महज छह घंटे में हत्या के इस जटिल मामले को सुलझाया। प्रार्थी बलराम राठिया की रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 282/2025, धारा 103(1), 3(5) बीएनएस (भारतीय न्याय संहिता) के तहत मामला दर्ज किया गया है। दोनों आरोपियों भगलु उर्फ ओमप्रकाश राठिया और ओमप्रकाश राठिया को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। पुलिस टीम की इस तत्परता की सराहना की जा रही है।











