Bhubaneswar Metro Cancelled : भुवनेश्वर| ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर में प्रस्तावित मेट्रो रेल परियोजना को लेकर सियासी संग्राम तेज हो गया है। बीजू जनता दल (बीजद) प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने इस परियोजना को रद्द करने के सरकार के फैसले को “हैरान करने वाला” करार देते हुए कहा है कि इससे शहर का विकास 10 साल पीछे चला जाएगा।
पूर्ववर्ती बीजद सरकार के कार्यकाल में शुरू हुई यह मेट्रो योजना दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (DMRC) के सहयोग से बनाई गई थी, जिसके तहत बीजू पटनायक इंटरनेशनल एयरपोर्ट से त्रिसूलिया स्क्वायर तक मेट्रो कनेक्टिविटी प्रस्तावित थी। लेकिन अब खबर है कि ओडिशा की बीजेपी सरकार ने DMRC के साथ अनुबंध रद्द कर दिया है, जिसके बाद पटनायक ने सोशल मीडिया पर सरकार की मंशा पर सवाल उठाए।
“हमने भुवनेश्वर को वैश्विक स्तर का शहर बनाने का सपना देखा था। मेट्रो न केवल यातायात का समाधान थी बल्कि यह शहर के भविष्य की रीढ़ बन सकती थी,” — नवीन पटनायक, पूर्व मुख्यमंत्री।
पटनायक का आरोप: “डबल इंजन सरकार का विश्वासघात”
नवीन पटनायक ने इसे “डबल इंजन सरकार का ओडिशा की जनता के साथ विश्वासघात” बताया और कहा कि यह फैसला शहरी विस्तार, यातायात और नागरिक सुविधाओं को गंभीर रूप से प्रभावित करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि 2027 तक इस प्रोजेक्ट के पहले चरण को पूरा करने का रोडमैप तैयार था।
सरकार का जवाब: “नई DPR बनाई जाएगी”
वहीं, राज्य के आवास एवं शहरी विकास मंत्री कृष्ण चंद्र महापात्र ने साफ किया कि मौजूदा मेट्रो योजना व्यावहारिक नहीं थी और अब राज्य सरकार केंद्र के सहयोग से एक नई विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) बनाएगी।
“पूर्व सरकार ने बिना केंद्र से वित्तीय सहयोग लिए इस परियोजना को आगे बढ़ाया। अब हम केंद्र के साथ मिलकर एक व्यवहारिक योजना तैयार कर रहे हैं।” — कृष्ण चंद्र महापात्र, मंत्री
क्या है अगला कदम…
अब सरकार नई DPR तैयार कर केंद्र को मंजूरी के लिए भेजेगी, जबकि बीजद इस फैसले को जनता के हितों के खिलाफ बता रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि मेट्रो परियोजना अब ओडिशा की राजनीति में विकास बनाम वादे की नई बहस को जन्म दे सकती है।











