नई दिल्ली। Nishaanebaz.com-US PERM Suspension IT Stocks: अमेरिका के डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन द्वारा टीसीएस (TCS), इंफोसिस, विप्रो और एचसीएलटेक (HCLTech) समेत आठ प्रमुख आईटी कंपनियों को ग्रीन कार्ड प्रक्रिया से जुड़े परमानेंट लेबर सर्टिफिकेशन (PERM) प्रोग्राम से सस्पेंड किए जाने के बावजूद शुक्रवार, 9 अक्टूबर को भारतीय शेयर बाजार में शानदार बढ़त दर्ज की गई। बाजार खुलते ही बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सूचकांक सेंसेक्स 700 से अधिक अंकों की छलांग लगा गया, वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 200 से ज्यादा अंक चढ़कर कारोबार करता दिखा। इसके साथ ही विदेशी मुद्रा बाजार में रुपया 4 पैसे की मजबूती के साथ 96.74 प्रति डॉलर के स्तर पर खुला।
अमेरिकी कार्रवाई की आशंकाओं को दरकिनार करते हुए शुरुआती कारोबार में दिग्गज भारतीय आईटी कंपनियों के शेयर हरे निशान पर ट्रेंड करते नजर आए। इंफोसिस के शेयरों में 2.62 फीसदी, टीसीएस में 3.39 फीसदी, एचसीएलटेक में 2.53 फीसदी और विप्रो के शेयर में 2.47 फीसदी की मजबूती देखी गई। वहीं अमेरिकी और यूरोपीय बाजारों में मिलाजुला असर दिखा, जहां नैस्डैक पर माइक्रोसॉफ्ट का शेयर 1.35 फीसदी गिरा, जबकि कॉग्निजेंट में 5.15 फीसदी और एडोबी में 3.56 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई।
Read More : MP Rent A Garba Partner Trend: इंदौर-भोपाल में ‘रेंट अ गरबा पार्टनर’ का ट्रेंड, 1 से 6 हजार तक में बुकिंग
उल्लेखनीय है कि अमेरिकी प्रशासन की ओर से आठ बड़ी आईटी कंपनियों के PERM प्रोग्राम के निलंबन को लेकर बाजार में गिरावट का अंदेशा जताया जा रहा था। PERM प्रक्रिया मुख्य रूप से अमेरिका में रोजगार आधारित स्थायी निवास (ग्रीन कार्ड) हासिल करने का माध्यम है। इसके निलंबित होने से विदेशी कर्मचारियों के मामलों पर अस्थायी प्रभाव पड़ सकता है, हालांकि बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि इसका कंपनियों के दैनिक परिचालन पर तात्कालिक नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ेगा।
पूरे घटनाक्रम पर भारतीय सॉफ्टवेयर उद्योग के संगठन नैसकॉम (NASSCOM) ने स्पष्ट किया है कि यह रोक केवल ग्रीन कार्ड की विशेष प्रक्रिया पर लागू होती है, न कि H-1B वीजा कार्यक्रम पर। नैसकॉम के अनुसार, भारतीय आईटी कंपनियों ने H-1B पर अपनी निर्भरता कम करते हुए अमेरिका में स्थानीय स्तर पर नियुक्तियां बढ़ाई हैं। वहीं टीसीएस ने बयान जारी कर कहा है कि उसकी अमेरिकी भर्ती नीति पर इस फैसले से कोई खास असर नहीं पड़ेगा, क्योंकि पिछले दो वर्षों में उसके PERM आवेदन काफी कम रहे हैं और कंपनी अगले पांच वर्षों में अमेरिका में 15,000 स्थानीय नौकरियों के अपने लक्ष्य पर कायम है।

