Illegal Extortion: गौरी शंकर गुप्ता/रायगढ़। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन पर रायगढ़ जिले में गुंडा तत्वों एवं असामाजिक गतिविधियों में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में कोतवाली पुलिस ने उधारी रकम की जबरन वसूली के लिए घर में घुसकर मारपीट करने और जान से मारने की धमकी देने वाले थाना कोतवाली के चिन्हांकित गुंडा बदमाश कपिल सोलंकी एवं उसके दो शातिर साथियों मनीष परियानी और गिरीश माखीजा को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
इस बड़ी और त्वरित कार्रवाई से शहर के व्यापारियों और आम नागरिकों में पुलिस प्रशासन के प्रति विश्वास और मजबूत हुआ है। पुलिस कप्तान ने स्पष्ट संदेश दिया है कि जिले के भीतर कानून व्यवस्था को हाथ में लेने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।
पुरानी उधारी की आड़ में दस लाख रुपये की मांग
यह पूरा मामला रायगढ़ शहर की आशीर्वाद पूरम कॉलोनी का है जहां के निवासी कमलेश सिंह उम्र बावन वर्ष ने थाना कोतवाली में लिखित रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़ित कमलेश सिंह कोयला ट्रांसपोर्टिंग का व्यवसाय करते हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि कुडेकेला निवासी ललेश अग्रवाल का लगभग सात लाख रुपये का भुगतान उनकी खराब आर्थिक स्थिति के कारण पिछले करीब तीन वर्षों से रुका हुआ था।
इसी बात का फायदा उठाकर ग्यारह जून की दोपहर कुख्यात गुंडा बदमाश कपिल सोलंकी अपने हाथ में लकड़ी का डंडा लेकर अपने दो अन्य साथियों मनीष परियानी एवं गिरीश माखीजा के साथ पीड़ित के घर में जबरन घुस आया। इसके विपरीत आरोपियों ने घर के भीतर घुसते ही पीड़ित को धमकाना शुरू कर दिया और कहा कि तुम हम लोगों को नहीं जानते हो, तुम्हारा मर्डर करवा देंगे।
घर में घुसकर डंडे और हाथ-मुक्कों से की पिटाई
आरोपियों ने ललेश अग्रवाल का पैसा वापस करने का दबाव बनाते हुए पीड़ित ट्रांसपोर्टर से सीधे दस लाख रुपये की मांग शुरू कर दी। जब पीड़ित ने इतनी बड़ी रकम तत्काल देने में असमर्थता जताई तो आरोपियों ने हाथ, मुक्कों और अपने पास रखे लकड़ी के डंडे से उसकी बेरहमी से पिटाई कर दी। इस घटना के बाद प्रार्थी ने कोतवाली थाने पहुंचकर आरोपियों के खिलाफ नामजद शिकायत दर्ज कराई।
पीड़ित की रिपोर्ट पर कोतवाली पुलिस ने तुरंत तत्परता दिखाते हुए अपराध क्रमांक 315/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया। गुंडा बदमाश कपिल सोलंकी की इस हरकत की जानकारी जैसे ही एसएसपी के संज्ञान में आई तो उन्होंने कोतवाली पुलिस को तत्काल विशेष टीम बनाकर आरोपियों की धरपकड़ के कड़े निर्देश जारी किए।
घेराबंदी कर दबोचे गए तीनों आदतन अपराधी
कोतवाली पुलिस की टीम ने प्रार्थी के बताए ठिकानों और आरोपियों के घरों पर लगातार दबिश देना शुरू किया। इस घेराबंदी के दौरान सबसे पहले मुख्य आरोपी कपिल सोलंकी को हिरासत में लिया गया। पुलिस की कड़ी पूछताछ में उसने अपना जुर्म कबूल करते हुए घटना में शामिल अपने दोनों अन्य सहयोगियों गिरीश माखीजा और मनीष परियानी के नाम उगले। इसके अलावा पुलिस टीम ने तत्काल छापेमारी कर सिंधी कॉलोनी पक्की खोली से दोनों सह-आरोपियों को भी मुस्तैदी से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार इन तीनों ही आरोपियों का पुराना और लंबा आपराधिक इतिहास रहा है। मुख्य आरोपी कपिल सोलंकी वर्ष 2014 से लगातार अपराधों में लिप्त है और उसके खिलाफ हत्या के प्रयास, पॉक्सो एक्ट, आर्म्स एक्ट, बलवा और मारपीट के करीब अठारह मामले दर्ज हैं।
जिला बदर हो चुके अपराधियों पर पुलिस का शिकंजा
मामले का दूसरा आरोपी मनीष परियानी भी थाना चक्रधरनगर क्षेत्र का आदतन अपराधी है जिसके खिलाफ वर्ष 2010 से लूट, मारपीट, आबकारी और जुआ एक्ट के कई मामले दर्ज हैं और उस पर पूर्व में जिला बदर की कार्रवाई भी हो चुकी है। इसके साथ ही तीसरे आरोपी गिरीश माखीजा पर भी जुआ, सट्टा और मारपीट के कई मामले दर्ज हैं जिसे अब पुलिस द्वारा गुंडा सूची में शामिल करने की वैधानिक प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने आम जनता को भरोसा दिलाया है कि अवैध वसूली और गुंडागर्दी के खिलाफ रायगढ़ पुलिस का यह कड़ा अभियान आगे भी इसी तरह पूरी ताकत से जारी रहेगा। अंततः, पुलिस की इस बड़ी कार्रवाई के बाद शहर में अवैध वसूली करने वाले अन्य बदमाशों में भी भारी दहशत का माहौल देखा जा रहा है।









