Saturday, September 12, 2026
Home Chhattisgarh Raigarh Operation Clean Hunt: हत्या के प्रयास का दो साल से फरार...

Operation Clean Hunt: हत्या के प्रयास का दो साल से फरार आरोपी सन्नी सरदार गिरफ्तार

Operation Clean Hunt: गौरी शंकर गुप्ता/रायगढ़। सिटी कोतवाली पुलिस ने जिला मुख्यालय में चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन क्लीन हंट” के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने हत्या के प्रयास के एक बेहद चर्चित और सनसनीखेज मामले में पिछले लगभग दो वर्षों से लगातार फरार चल रहे मुख्य आरोपी संदीप सिंह उर्फ सन्नी सरदार को घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को रायगढ़ की स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जहां से विद्वान न्यायाधीश ने उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेजने के आदेश जारी कर दिए हैं। उल्लेखनीय है कि इसी गंभीर आपराधिक प्रकरण में शामिल तीन अन्य सह-आरोपियों राजवीर सिंह, जसदेव सिंह उर्फ जस्सू कंग और राज बरेठ को माननीय न्यायालय द्वारा पिछले साल तीस अक्टूबर 2025 को दस-दस वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई जा चुकी है।

जिम के सामने आग ताप रहे युवकों पर हुआ था जानलेवा हमला

यह पूरा खौफनाक मामला सात दिसंबर 2024 की रात का है, जब साहिल ठाकुर अपने मित्रों अनुज गुप्ता, आकिब खान और संगम देहरी के साथ पोस्ट ऑफिस के पीछे स्थित एक जिम के सामने आग ताप रहे थे। इसी दौरान अचानक एक स्विफ्ट डिजायर कार में सवार होकर जसदेव सिंह उर्फ जस्सू, सन्नी सरदार, सोनी पाण्डेय, राज कर्क, अर्जुन पटेल, राजवीर सरदार और उनके अन्य साथी वहां आ धमके। इन सभी ने कार से उतरते ही पुरानी रंजिश को लेकर अश्लील गालियां देना शुरू कर दिया और साहिल ठाकुर को जान से मारने की नीयत से लोहे की रॉड और भारी डंडों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया।

गंभीर चोटें आने पर मृत समझकर भाग गए थे हमलावर

इस प्राणघातक हमले में साहिल ठाकुर के सिर, चेहरे, हाथ और पैरों में बेहद गंभीर चोटें आई थीं। वार इतना जोरदार था कि उसका जबड़ा अपनी जगह से पूरी तरह अलग हो गया था और दांत टूट गए थे। जब साहिल लहूलुहान होकर जमीन पर गिर गया, तो आरोपी उसे मृत समझकर मौके से फरार हो गए। इस बीच अपने दोस्त को बचाने पहुंचे अमन सिंह ठाकुर पर भी आरोपियों ने लोहे की रॉड से हमला किया, जिससे वह भी गंभीर रूप से घायल हो गया था। घायल साहिल ठाकुर को नाजुक हालत में जिला अस्पताल से होते हुए रायपुर के बालाजी अस्पताल रेफर करना पड़ा था, जहां महीनों इलाज के बाद उसकी जान बच सकी थी।

आरोपियों को सजा होने के बाद से फरार था सन्नी सरदार

घटना के बाद अमन सिंह ठाकुर की लिखित शिकायत पर सिटी कोतवाली पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न संगीन धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध कर अपनी जांच शुरू की थी। पुलिस ने पूर्व में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में चालान पेश किया था, जिन्हें उनके गुनाहों के लिए दस साल की जेल हुई। अपने साथियों को इतनी सख्त सजा मिलने के बाद से ही संदीप सिंह उर्फ सन्नी सरदार अपनी गिरफ्तारी के डर से लगातार अंडरग्राउंड हो गया था और अलग-अलग राज्यों में अपनी फरारी काट रहा था। इसके चलते पुलिस ने उसके खिलाफ फरारी में ही चालान प्रस्तुत कर दिया था।

मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने सारंगढ़ मार्ग पर दबोचा

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के कड़े निर्देश पर कोतवाली थाना प्रभारी निरीक्षक सुखनंदन पटेल ने आरोपी की धरपकड़ के लिए अपने विशेष मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया था। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि पंजाब के अमृतसर का मूल निवासी सन्नी सरदार रायगढ़ के रेलवे कॉलोनी स्थित अपने ठिकाने के आसपास देखा गया है। पुलिस की टीम ने बिना वक्त गंवाए तत्काल घेराबंदी की और आरोपी को अपनी हिरासत में ले लिया। पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है और उसके मेमोरेंडम कथन के आधार पर वारदात में इस्तेमाल किया गया बांस का डंडा भी बरामद कर लिया गया है। इस पूरी कार्रवाई में सहायक उप निरीक्षक गौतम ठाकुर और कोतवाली स्टाफ की सराहनीय भूमिका रही।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here