Home Madhya Pradesh सिंगरौली : गोंड़बहेरा उज्जैनी ईस्ट कोयला खदान को मिली ग्रामीणों का समर्थन, पर्यावरण स्वीकृति के लिए लोक सुनवाई सफल

सिंगरौली : गोंड़बहेरा उज्जैनी ईस्ट कोयला खदान को मिली ग्रामीणों का समर्थन, पर्यावरण स्वीकृति के लिए लोक सुनवाई सफल

0
सिंगरौली : गोंड़बहेरा उज्जैनी ईस्ट कोयला खदान को मिली ग्रामीणों का समर्थन, पर्यावरण स्वीकृति के लिए लोक सुनवाई सफल

सिंगरौली (मध्य प्रदेश) – सिंगरौली जिले के बरगवां तहसील के मझौली गांव में मंगलवार को प्रस्तावित गोंड़बहेरा उज्जैनी ईस्ट भूमिगत कोयला खदान की पर्यावरणीय स्वीकृति के लिए लोक सुनवाई सफलतापूर्वक संपन्न हुई। इस सुनवाई में चार प्रभावित गांवों—मझौली, उज्जैनी, पचौर और कुंदा से लगभग 2,000 ग्रामीण पहुंचे और उन्होंने दोनों हाथ उठाकर परियोजना का समर्थन किया।

Read More : CG NEWS : राष्ट्रीय नवाचारी शिक्षा रत्न सम्मान सह राष्ट्रीय शैक्षिक सत्रवाह 2024 25 का हुआ भव्य आयोजान, रायगढ़ जिले से शिक्षिका जयंती श्याम हुई सम्मानित ‘

पर्यावरण उपायों का दिया गया आश्वासन

महान एनर्जेन लिमिटेड के प्रतिनिधियों ने ग्रामीणों को परियोजना से जुड़े पर्यावरणीय उपायों की विस्तृत जानकारी दी। कंपनी ने बताया कि प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए जल छिड़काव, बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण, वर्षा जल संचयन और हरित पट्टी (ग्रीन बेल्ट) का विकास किया जाएगा। ग्रामीणों का भी मानना है कि अंडरग्राउंड माइनिंग से प्रदूषण नगण्य होगा।

इस सुनवाई में संयुक्त कलेक्टर संजीव कुमार पांडेय, मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी संजीव मेहरा, देवसर एसडीएम अखिलेश सिंह सहित कई अन्य प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।

Read More : CG NEWS : आदिवासी विभाग में भ्रष्टाचार के आरोप, कार्रवाई के बजाय संरक्षण पर उठे सवाल

परियोजना से रोजगार और विकास की उम्मीद

यह भूमिगत खदान परियोजना 2022 में भारत सरकार के कोयला मंत्रालय द्वारा महान एनर्जेन लिमिटेड को आवंटित की गई थी। यह खदान कुल 1,130 हेक्टेयर क्षेत्र में फैली है, जिसमें से केवल 34 हेक्टेयर राजस्व भूमि का ही उपयोग होगा। परियोजना से प्रतिवर्ष 30 लाख टन कोयला उत्पादन होने की उम्मीद है और यह अगले 33 वर्षों तक चलेगी।

ग्रामीणों का मानना है कि इस परियोजना से उनके क्षेत्र में बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे, साथ ही स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य बुनियादी सुविधाओं में भी सुधार आएगा। कंपनी और प्रशासन दोनों का मानना है कि यह परियोजना न केवल आर्थिक बल्कि सामाजिक और अवसंरचना विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान देगी।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here