Raipur Crime : रायपुर : रायपुर कमिश्नरेट पुलिस ने नशे के खिलाफ एक बड़ी और संगठित कार्रवाई करते हुए “सुखे नशे” के नेटवर्क पर करारा प्रहार किया है। पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) स्मृतिक राजनाला, मध्य क्षेत्र के डीसीपी उमेश प्रसाद गुप्ता, पश्चिम क्षेत्र के डीसीपी संदीप पटेल और उत्तर क्षेत्र के डीसीपी मयंक गुर्जर की संयुक्त निगरानी में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) ने चार अलग-अलग मामलों में कार्रवाई की।
Raipur Crime : इस ऑपरेशन में कुल 12 आरोपियों (11 पुरुष और 1 महिला) को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने इनके कब्जे से 42 किलोग्राम गांजा, 2200 प्रतिबंधित नशीली गोलियां और 1.53 ग्राम एमडीएमए ड्रग्स जब्त किया है। जब्त सामग्री की कुल कीमत लगभग 40 लाख रुपये आंकी गई है।
Raipur Crime : पहले मामले में थाना कोतवाली क्षेत्र के नेहरू नगर स्थित एक मेडिकल स्टोर पर छापा मारकर 1700 अल्प्राजोलम टैबलेट जब्त की गईं। स्टोर संचालक सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया। जांच में खुलासा हुआ कि बिना किसी वैध दस्तावेज के इन दवाओं की बिक्री की जा रही थी। अब इस मेडिकल स्टोर को सील करने और लाइसेंस निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
Raipur Crime : दूसरे मामले में थाना गंज क्षेत्र में दो युवकों को 1.53 ग्राम एमडीएमए के साथ गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में सामने आया कि वे लोकमान्य तिलक ट्रेन के अटेंडर के जरिए नागपुर से ड्रग्स मंगवाते थे और रायपुर में इसकी सप्लाई करते थे।
Raipur Crime : तीसरे और सबसे बड़े मामले में थाना पंडरी पुलिस ने अंतर्राज्यीय गांजा तस्करी का भंडाफोड़ किया। उड़ीसा से पुणे गांजा सप्लाई करने जा रहे पांच तस्करों को गिरफ्तार किया गया। उनके पास से 42 किलो गांजा, एक चारपहिया वाहन, पांच मोबाइल फोन और एक लाख रुपये नकद जब्त किए गए। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी कीर्तन खर्सेल और प्रदीप जैन उर्फ मोंटू लंबे समय से देश के विभिन्न राज्यों में तस्करी में सक्रिय थे। प्रदीप जैन पहले से ही कई मामलों में हिस्ट्रीशीटर रह चुका है।
Raipur Crime : चौथे मामले में थाना डीडी नगर क्षेत्र से दो आरोपियों को 500 नाइट्रोसन-10 टैबलेट के साथ गिरफ्तार किया गया, जो इन दवाओं को बेचने की तैयारी में थे। पुलिस ने यह भी खुलासा किया कि रायपुर में सक्रिय एक संगठित गिरोह लंबे समय से गांजा और नशीली दवाओं का कारोबार चला रहा था। इस गिरोह से जुड़े कुछ आरोपी पहले भी NDPS एक्ट के मामलों में जेल जा चुके हैं।
Raipur Crime : कमिश्नरेट प्रणाली लागू होने के बाद से अब तक एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट 24 मामलों में 56 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है और करीब 1.72 करोड़ रुपये की नशीली सामग्री जब्त की जा चुकी है।
Raipur Crime : इस पूरी कार्रवाई ने यह स्पष्ट कर दिया है कि रायपुर पुलिस नशे के नेटवर्क को खत्म करने के लिए लगातार सख्त अभियान चला रही है और आने वाले समय में भी ऐसे अपराधियों के खिलाफ इसी तरह की कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।











