Parminder Singh Jhotta Murder: निशानेबाज न्यूज़ डेस्क- पंजाब में नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले एक्टिविस्ट परमिंदर सिंह झोटा की गोली मारकर हत्या किए जाने से इलाके में तनाव फैल गया है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, मानसा में एंटी ड्रग टास्क फोर्स से जुड़े झोटा पर एक मेडिकल स्टोर संचालक ने कथित तौर पर गोली चलाई। बताया जा रहा है कि उन पर लगातार तीन गोलियां दागी गईं। गंभीर रूप से घायल झोटा को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस के अनुसार, वारदात के पीछे पुरानी रंजिश की आशंका है और आरोपी की तलाश की जा रही है।
झोटा लंबे समय से पंजाब में नशे के खिलाफ अभियान चला रहे थे। वह लोगों को नशे से दूर रहने के लिए जागरूक करते थे और नशा बेचने के आरोपों की जानकारी पुलिस तक पहुंचाने में भी मदद करते थे। इस अभियान के दौरान उनका कई बार विवाद भी हुआ था। अब उनकी हत्या के बाद नशे के खिलाफ काम करने वाले लोगों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
फेसबुक लाइव के दौरान हुआ विवाद
प्रारंभिक रिपोर्ट के मुताबिक, परमिंदर सिंह झोटा को सूचना मिली थी कि बठिंडा क्षेत्र के कुछ मेडिकल स्टोरों पर कथित तौर पर नशीले पदार्थ बेचे जा रहे हैं। इसी जानकारी के आधार पर वह एक मेडिकल स्टोर पर पहुंचे थे। बताया जा रहा है कि उस समय वह फेसबुक पर लाइव भी थे।स्टिंग ऑपरेशन के दौरान झोटा और मेडिकल स्टोर संचालक के बीच बहस शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और आरोप है कि इसी दौरान दुकानदार ने झोटा पर गोली चला दी। घटना की रिकॉर्डिंग सामने आने की बात कही जा रही है। हालांकि, घटना से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
तीन गोलियां लगने की बात, अस्पताल में मृत घोषित
रिपोर्ट के अनुसार, झोटा पर तीन गोलियां चलाई गईं। इनमें से एक गोली उनके सीने को पार कर गई। गोली लगने के बाद उन्हें मानसा के सिविल अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी।इस घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी। नशे के खिलाफ अभियान चलाने वाले एक कार्यकर्ता की इस तरह हत्या किए जाने से लोगों में आक्रोश है। पुलिस वारदात से जुड़े साक्ष्यों और उपलब्ध रिकॉर्डिंग की जांच कर रही है, ताकि गोलीबारी की पूरी परिस्थितियों का पता लगाया जा सके।
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2023 की पुरानी रंजिश की आशंका
पुलिस के अनुसार, इस मामले में पुरानी रंजिश एक अहम पहलू हो सकती है। शुरुआती जानकारी में सामने आया है कि वर्ष 2023 में झोटा ने कथित तौर पर नशा बेचने के आरोप को लेकर इसी मेडिकल स्टोर संचालक को जूतों की माला पहनाकर घुमाया था। बताया जा रहा है कि उस घटना के बाद से दोनों के बीच तनाव था।पुलिस को आशंका है कि इसी पुरानी दुश्मनी के कारण हत्या की वारदात को अंजाम दिया गया हो सकता है। हालांकि, हत्या की वास्तविक वजह और घटनाक्रम की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो पाएगी। फिलहाल किसी भी आरोप को अंतिम निष्कर्ष नहीं माना जा सकता।
आरोपी की तलाश में पुलिस की टीमें
प्रारंभिक रिपोर्ट में मेडिकल स्टोर संचालक अश्विनी पर गोली चलाने का आरोप लगाया गया है। पुलिस के मुताबिक, वह फिलहाल फरार है और उसे पकड़ने के लिए कई टीमें लगाई गई हैं। पुलिस मामले से जुड़े लोगों से पूछताछ करने के साथ ही घटना के साक्ष्य जुटा रही है।जांच में यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि वारदात से पहले दोनों के बीच क्या बातचीत हुई थी और गोली चलने की नौबत किन परिस्थितियों में आई। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद मामले में और जानकारी सामने आने की उम्मीद है।
हत्या के बाद इलाके में तनाव, स्कूलों की छुट्टी
परमिंदर सिंह झोटा की हत्या के बाद इलाके में तनावपूर्ण माहौल बताया जा रहा है। स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए आसपास के क्षेत्रों में भारी पुलिस बल तैनात किए जाने की जानकारी है। रिपोर्ट के अनुसार, जिला प्रशासन ने एहतियात के तौर पर स्कूलों में छुट्टी भी घोषित की।फिलहाल पुलिस की प्राथमिकता आरोपी को पकड़ना और कानून-व्यवस्था बनाए रखना है। इस घटना ने पंजाब में नशे के खिलाफ चल रहे अभियान और उससे जुड़े लोगों की सुरक्षा पर फिर से चर्चा छेड़ दी है।


