[nishaanebaz.com] MP Crime: छिंदवाड़ा: मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा में अवैध हथियारों के खिलाफ चल रहे अभियान के बीच देहात पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने पोआमा पानी टंकी के पास एक कार में बैठे दो युवकों को हथियारों के साथ गिरफ्तार किया है।तलाशी के दौरान दोनों के कब्जे से एक देशी पिस्टल, एक छर्रे वाली पिस्टल और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए गए। पुलिस ने जिस कार में दोनों युवक बैठे थे, उसे भी जब्त कर लिया है।मामले में पूछताछ के दौरान हथियारों की खरीद को लेकर भी चौंकाने वाली जानकारी सामने आई है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने घेरा
छिंदवाड़ा में अवैध हथियार की सूचना पुलिस को 29 अगस्त को मिली थी। देहात थाना प्रभारी निरीक्षक गोविंद सिंह राजपूत को मुखबिर से जानकारी मिली कि दो युवक पोआमा पानी टंकी के पास एक सफेद कार में बैठे हैं।मुखबिर ने पुलिस को यह भी बताया कि दोनों युवकों के पास हथियार और कारतूस हैं।सूचना मिलते ही वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी जानकारी दी गई। इसके बाद पुलिस टीम बनाई गई और बताए गए स्थान पर दबिश दी गई।
Bhopal Daughter Murder Case: बॉयफ्रेंड से बात करती थी बेटी, मां-मामा ने गला दबाकर की हत्या
कार की तलाशी में निकले हथियार
छिंदवाड़ा हथियार बरामद मामले में पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कार की घेराबंदी की और उसमें बैठे दोनों युवकों को पकड़ लिया।तलाशी के दौरान पुलिस को एक देशी पिस्टल, एक छर्रे वाली पिस्टल और तीन जिंदा कारतूस मिले। इसके बाद पुलिस ने हथियारों को जब्त कर लिया।पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई CG04-DY-4001 नंबर की कार को भी अपने कब्जे में ले लिया है।
55 हजार रुपये में खरीदी थी पिस्टल
मामले की जांच के दौरान छिंदवाड़ा में पिस्टल के साथ गिरफ्तारी से जुड़ा एक अहम खुलासा हुआ।पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने करीब एक साल पहले उत्तर प्रदेश के एक व्यापारी से पिस्टल और कारतूस खरीदे थे। इसके लिए करीब 55 हजार रुपये दिए गए थे।अब पुलिस उस व्यक्ति की तलाश कर रही है, जिससे दोनों ने हथियार खरीदे थे। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हथियारों की सप्लाई कहां से हुई और इस नेटवर्क में और कौन लोग शामिल हैं।
दोनों आरोपियों पर पहले से कई मामले
छिंदवाड़ा क्राइम न्यूज के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विकास पिता तिमाजी मर्सकोले (25) और मिथुन पिता रामाजी उइके (31) के रूप में हुई है।विकास कुकड़ीखापा, थाना मोहखेड़ का रहने वाला है और वर्तमान में कोतवाली थाना क्षेत्र की गुलाबरा गली नंबर-15 में रह रहा था।वहीं मिथुन उसरिया, थाना देहात क्षेत्र का निवासी बताया गया है।
चार थानों में दर्ज हैं अपराध
पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया है। उनके खिलाफ छिंदवाड़ा जिले के देहात, कुण्डीपुरा, मोहखेड़ और कोतवाली थाना क्षेत्रों में पहले से अपराध दर्ज हैं।इस वजह से पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि दोनों हथियार किस उद्देश्य से लेकर घूम रहे थे और क्या उनका किसी अन्य आपराधिक गतिविधि से संबंध है।
आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज
Chhindwara Illegal Arms Case में पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है।पुलिस के अनुसार, आरोपियों पर धारा 3(5) BNS और 25(1-क, क), 27 आर्म्स एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है।दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जा रहा है। पुलिस अब उनसे हथियारों की खरीद और संभावित नेटवर्क को लेकर आगे पूछताछ करेगी।
यूपी के हथियार सप्लायर की तलाश
पुलिस की जांच अब उस व्यापारी तक पहुंचने पर केंद्रित है, जिससे आरोपियों ने करीब एक साल पहले हथियार खरीदे थे।Chhindwara Illegal Weapons मामले में पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि उत्तर प्रदेश से हथियार छिंदवाड़ा तक कैसे पहुंचे और क्या इससे जुड़े अन्य लोग भी इस काम में शामिल हैं।यदि जांच में हथियारों की सप्लाई से जुड़ी कोई बड़ी कड़ी सामने आती है तो पुलिस आगे और कार्रवाई कर सकती है।
पुलिस टीम को मिलेगा पुरस्कार
इस कार्रवाई में देहात थाना प्रभारी निरीक्षक गोविंद सिंह राजपूत, सउनि संदीप सिंह राजपूत, आरक्षक सौरभ बघेल, सूरज पाल और शेरसिंह की अहम भूमिका रही।इसके अलावा साइबर सेल के प्रआर नितिन और आरक्षक आदित्य ने भी कार्रवाई में सहयोग किया।पुलिस अधीक्षक अजय पाण्डे ने कार्रवाई करने वाली टीम के काम की सराहना करते हुए उसे पुरस्कृत करने की घोषणा की है।फिलहाल पुलिस दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। अब जांच का सबसे अहम सवाल यही है कि 55 हजार रुपये में हथियार बेचने वाला व्यापारी कौन है और इस पूरे मामले में उसके साथ और कौन लोग जुड़े हैं।





