liquor scam case : रायपुर। शराब घोटाले के मामले में गिरफ्तार रहे छत्तीसगढ़ के पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा गुरुवार को प्रवर्तन निदेशालय (ED) की विशेष अदालत में पेश हुए। यह सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद उनकी पहली कोर्ट पेशी थी। करीब 379 दिन जेल में बिताने के बाद उन्हें 4 फरवरी को सशर्त जमानत मिली थी।
liquor scam case : कोर्ट में कवासी लखमा ने जानकारी दी कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार वे जमानत अवधि के दौरान ओडिशा के मलकानगिरी जिले में रहेंगे। मलकानगिरी, छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले से लगा हुआ है। मामले में अगली सुनवाई 19 फरवरी को तय की गई है।
liquor scam case : बजट सत्र में शामिल होने के लिए दिया आवेदन
liquor scam case : कवासी लखमा ने आगामी छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र में शामिल होने के लिए विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह को आवेदन भी दिया है। उन्होंने सत्र में भाग लेने की अनुमति मांगी है। सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में स्पष्ट किया था कि इस संबंध में अंतिम निर्णय विधानसभा अध्यक्ष द्वारा लिया जाएगा।
liquor scam case : सशर्त जमानत पर रिहाई
liquor scam case : बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता फैजल रिज़वी ने बताया कि लखमा को सशर्त जमानत दी गई है। जमानत की शर्तों में जांच में पूरा सहयोग करना, गवाहों को प्रभावित न करना और बिना अनुमति राज्य से बाहर न जाना शामिल है।
liquor scam case : गौरतलब है कि ED ने कवासी लखमा को 15 जनवरी 2025 को गिरफ्तार किया था। इसके बाद उन्हें 7 दिन की रिमांड पर लेकर पूछताछ की गई। 21 जनवरी से 4 फरवरी तक वे न्यायिक रिमांड पर रायपुर सेंट्रल जेल में बंद रहे। लंबी न्यायिक प्रक्रिया के बाद कोर्ट ने उन्हें जमानत प्रदान की है।











