Islamabad Seismic Activity 2026 : इस्लामाबाद/नई दिल्ली | 28 मार्च 2026 पाकिस्तान में कुदरत का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। शनिवार सुबह एक बार फिर देश के कई हिस्सों में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए, जिससे लोगों में दहशत फैल गई। रिक्टर पैमाने पर इस भूकंप की तीव्रता 4.6 मापी गई है। राहत की बात यह है कि खबर लिखे जाने तक किसी भी प्रकार के जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं मिली है, लेकिन लगातार आ रहे झटकों ने प्रशासन और नागरिकों की चिंता बढ़ा दी है।
तीन दिनों में तीन बार डोली धरती गौरतलब है कि पाकिस्तान में यह लगातार तीसरा दिन है जब भूकंप ने दस्तक दी है। इससे पहले शुक्रवार को 4.5 तीव्रता और गुरुवार (26 मार्च) को 4.6 तीव्रता के झटके महसूस किए गए थे। हालांकि, विशेषज्ञ 4.6 तीव्रता के भूकंप को बहुत विनाशकारी नहीं मानते, लेकिन बार-बार आ रहे ये झटके किसी बड़े खतरे का संकेत भी हो सकते हैं।
क्यों संवेदनशील है यह क्षेत्र? भू-वैज्ञानिकों के अनुसार, पाकिस्तान दुनिया के सबसे अधिक भूकंपीय रूप से सक्रिय (Seismically Active) क्षेत्रों में से एक है। यह इलाका उस टकराव क्षेत्र (Collision Zone) पर स्थित है जहाँ भारतीय और यूरेशियन विवर्तनिक (Tectonic) प्लेटें आपस में मिलती हैं। इसी टकराव के कारण बलूचिस्तान, खैबर पख्तूनख्वा और गिलगित-बाल्टिस्तान जैसे प्रांत यूरेशियन प्लेट के दक्षिणी किनारे पर होने की वजह से अत्यधिक संवेदनशील हैं। वहीं सिंध और पंजाब प्रांत भारतीय प्लेट के उत्तर-पश्चिमी किनारे पर स्थित हैं, जिससे यहाँ भी अक्सर हलचल बनी रहती है।
सावधानी ही बचाव है जानकारों का कहना है कि बार-बार आ रहे इन झटकों के मद्देनजर लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। भूकंप के समय किसी भी बहुमंजिला इमारत या बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने के बजाय किसी खुले मैदान या सुरक्षित स्थान पर चले जाना चाहिए। पाकिस्तान की भौगोलिक स्थिति ऐसी कई प्रमुख फॉल्ट लाइनों से घिरी हुई है, जिसके कारण यहाँ भविष्य में भी भीषण भूकंप आने की आशंका बनी रहती है।











