नरसिंहपुर : मध्य प्रदेश में प्रशासनिक संवेदनहीनता का एक गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने प्रशासनिक आचरण और सत्ता के दुरुपयोग पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। नरसिंहपुर जिले के प्रसिद्ध बरमान रेत घाट पर एक वरिष्ठ IAS अधिकारी द्वारा सरेआम दुकानदार से मारपीट और एक बुजुर्ग पुजारी को धमकाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
बरमान रेत घाट पर क्या हुआ?
घटना शनिवार की बताई जा रही है, जब IAS अधिकारी गजेंद्र नागेश बरमान रेत घाट निरीक्षण पर पहुंचे थे। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि अधिकारी एक युवक को गालियां देते हुए थप्पड़ मार रहे हैं। जानकारी के मुताबिक, बृजेश नौरिया नामक युवक घाट के पीछे पेशाब करता हुआ पाया गया, जिससे अधिकारी आपा खो बैठे। उन्होंने युवक को अपमानजनक शब्दों से संबोधित किया और सार्वजनिक रूप से थप्पड़ जड़ दिया। इतना ही नहीं, उनके साथ मौजूद सुरक्षा गार्ड ने भी युवक को चांटा मारा।
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दुकानदार का सामान हटाने का आदेश
पीड़ित बृजेश घाट के पास एक छोटा जनरल स्टोर चलाता है। आरोप है कि अधिकारी ने गुस्से में आकर उसकी दुकान हटाने और सामान फिंकवाने तक के निर्देश दे दिए। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह पूरी कार्रवाई नियमों के बजाय व्यक्तिगत आक्रोश में की गई।
बुजुर्ग पुजारी को रेत में गाड़ने की धमकी
घटना के दौरान जब बुजुर्ग पुजारी कैलाश चंद्र मिश्रा ने अधिकारी को शांति से समझाने की कोशिश की और घाट पर सार्वजनिक शौचालय की कमी की ओर ध्यान दिलाया, तो अधिकारी और भड़क गए। पुजारी का आरोप है कि IAS अधिकारी ने उन्हें “रेत में गाड़ देने” जैसी धमकी दी और अपमानजनक व्यवहार किया। यहां तक कि उन्हें सजा के तौर पर उठक-बैठक लगाने को मजबूर किया गया।
प्रशासनिक दुरुपयोग पर फूटा जनआक्रोश
इस घटना के बाद इलाके में खासकर ब्राह्मण समाज और साधु-संतों में भारी आक्रोश है। पुजारियों के प्रतिनिधिमंडल ने जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक को लिखित शिकायत सौंपते हुए IAS अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि यह मामला सिर्फ एक व्यक्ति नहीं, बल्कि पूरे सिस्टम की संवेदनशीलता पर सवाल है।
अधिकारी का पक्ष
वहीं IAS अधिकारी गजेंद्र नागेश ने अपने व्यवहार का बचाव करते हुए कहा है कि उनका उद्देश्य मां नर्मदा की पवित्रता बनाए रखना था। हालांकि, सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर रहे हैं।











