Monday, August 31, 2026
Home Chhattisgarh CG News: रायपुर में आज निकलेगी भव्य जगन्नाथ रथयात्रा, सवा किलो सोने...

CG News: रायपुर में आज निकलेगी भव्य जगन्नाथ रथयात्रा, सवा किलो सोने की झाड़ू से होगा महाप्रभु का स्वागत

Raipur Jagannath Rath Yatra: छत्तीसगढ़ की राजधानी में रायपुर जगन्नाथ रथयात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में खास उत्साह देखने को मिल रहा है। भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और देवी सुभद्रा की भव्य रथयात्रा आज रायपुर सहित प्रदेश के कई प्रमुख शहरों में निकाली जाएगी। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना को देखते हुए प्रशासन और आयोजकों ने सुरक्षा व यातायात की सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।

रायपुर जगन्नाथ रथयात्रा की सबसे बड़ी खासियत ‘छेरापहरा’ परंपरा है। इस रस्म के तहत महाप्रभु के रथ के आगे मार्ग की सफाई साधारण झाड़ू से नहीं बल्कि करीब सवा किलो वजनी दो सोने की झाड़ुओं से की जाती है। एक झाड़ू राज्यपाल और दूसरी मुख्यमंत्री के हाथ में होती है। यह परंपरा भगवान के सामने सभी को समान मानने का संदेश देती है और पुरी की ऐतिहासिक रथयात्रा की याद दिलाती है।

ओडिशा के कलाकारों ने दिया पुरी जैसा स्वरूप
रायपुर जगन्नाथ रथयात्रा के लिए इस बार भी ओडिशा से आए कलाकारों ने मंदिर और रथों को पारंपरिक शैली में सजाया है। मंदिर की दीवारों, मुख्य द्वार और रथों पर आकर्षक धार्मिक चित्रकारी की गई है। इसके साथ ही पूजा-अर्चना और सभी धार्मिक अनुष्ठानों को विधि-विधान से संपन्न कराने के लिए ओडिशा से पुजारियों को भी आमंत्रित किया गया है।
Read more: CG News: रायपुर वालों के लिए बड़ी राहत! अब सिर्फ 5 हजार में होगा अवैध नल कनेक्शन वैध

500 साल पुराना है टुरी-हटरी का जगन्नाथ मंदिर
रायपुर जगन्नाथ रथयात्रा का प्रमुख केंद्र पुरानी बस्ती स्थित टुरी-हटरी का जगन्नाथ मंदिर है। करीब 500 साल पुराने इस मंदिर को पहले ‘साहूकार मंदिर’ के नाम से जाना जाता था। बाद में यहां भगवान जगन्नाथ की प्रतिमा स्थापित होने के बाद इसकी पहचान जगन्नाथ मंदिर के रूप में बनी। मंदिर का निर्माण अग्रवाल परिवार द्वारा कराया गया था और समय के साथ इसका विस्तार भी किया गया।

एक ही परिसर में कई मंदिर
रायपुर जगन्नाथ रथयात्रा से जुड़े इस ऐतिहासिक मंदिर परिसर में भगवान जगन्नाथ के अलावा श्रीराम दरबार, दो शिव मंदिर, संकटमोचन हनुमान मंदिर, संतोषी माता मंदिर और गरुड़ मंदिर भी मौजूद हैं। इसी वजह से यह मंदिर सालभर श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र बना रहता है।

ट्रैफिक और सुरक्षा के लिए विशेष व्यवस्था
रायपुर जगन्नाथ रथयात्रा के दौरान शहर के कई हिस्सों में भीड़ और ट्रैफिक बढ़ने की संभावना है। प्रशासन ने रथयात्रा के लिए अलग-अलग रूट और समय तय किए हैं। लोगों से अपील की गई है कि घर से निकलने से पहले ट्रैफिक एडवाइजरी जरूर देखें और पुलिस के निर्देशों का पालन करें।

आस्था और परंपरा का अनूठा संगम
रायपुर जगन्नाथ रथयात्रा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ और ओडिशा की सांस्कृतिक विरासत का भी प्रतीक है। हर वर्ष हजारों श्रद्धालु इस आयोजन में शामिल होकर भगवान जगन्नाथ का आशीर्वाद लेते हैं। इस बार भी भव्य सजावट, पारंपरिक अनुष्ठान और सोने की झाड़ू से होने वाली छेरापहरा रस्म इस आयोजन का सबसे बड़ा आकर्षण रहेगी।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here