Tuesday, August 25, 2026
Home National Onion Price Inflation India 2026: देश में 59% महंगी हुई प्याज: दिल्ली,...

Onion Price Inflation India 2026: देश में 59% महंगी हुई प्याज: दिल्ली, चेन्नई, गुवाहाटी में रेलवे के जरिए भेजी जा रही बफर स्टॉक की खेप

नई दिल्ली [Nishanebaaz News]। Delhi Onion Price Drop Kanda Express के तहत दिल्ली-एनसीआर के निवासियों के लिए प्याज की ऊंची कीमतों से राहत देने वाली बड़ी खबर आई है। महाराष्ट्र के नासिक से 800 टन प्याज लेकर विशेष ट्रेन ‘कांदा एक्सप्रेस’ दिल्ली पहुंच रही है। केंद्र सरकार इस प्याज को आम खुदरा बाजार के मुकाबले काफी कम कीमत यानी ₹35 प्रति किलोग्राम की दर से बेचने जा रही है।

उपभोक्ता मामलों की सचिव निधि खरे ने बताया कि नासिक में रखे सरकारी बफर स्टॉक से यह प्याज भेजा जा रहा है, ताकि बाजार में अचानक बढ़ी कीमतों पर लगाम लगाई जा सके।

NAFED, NCCF और केंद्रीय भंडार के आउटलेट्स पर मिलेगी बिक्री

वर्तमान में दिल्ली के खुले बाजार में प्याज ₹55 प्रति किलो तक बिक रहा है। ऐसे में ₹35 प्रति किलो की सरकारी बिक्री से आम उपभोक्ताओं को प्रति किलो ₹20 की सीधी बचत होगी।

यह प्याज आम लोगों तक पहुंचाने के लिए सरकार ने विशेष व्यवस्था की है:

  • NAFED (नेशनल एग्रीकल्चरल कोऑपरेटिव मार्केटिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया)

  • NCCF (नेशनल कोऑपरेटिव कंज्यूमर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया)

  • केंद्रीय भंडार के आउटलेट्स और मोबाइल वैन

चेन्नई, गुवाहाटी समेत अन्य शहरों में भी भेजी जा रही आपूर्ति

केवल दिल्ली ही नहीं, बल्कि देश के अन्य प्रमुख शहरों में भी रेलवे के जरिए प्याज की खेप भेजी जा रही है। चेन्नई, एर्नाकुलम, मदुरै और गुवाहाटी जैसे शहरों में भी बफर स्टॉक से प्याज की निर्बाध आपूर्ति की जा रही है।

आंकड़ों के अनुसार, 24 अगस्त को देश में प्याज की औसत खुदरा कीमत ₹43.53 प्रति किलो रही, जो पिछले साल इसी अवधि में ₹27.37 थी। यानी एक साल में कीमतों में करीब 59% का उछाल आया है। चेन्नई में प्याज ₹60, दिल्ली में ₹55 और कोलकाता में ₹53 प्रति किलो तक बिक रहा है।

1.21 लाख टन बफर स्टॉक से जमाखोरी पर कसेगा शिकंजा

कांदा एक्सप्रेस के जरिए प्याज परिवहन की यह पहल 2024-25 में शुरू की गई थी। पिछले वित्तीय वर्ष में 86 रेल रेक के जरिए 88 हजार टन प्याज 16 बड़े शहरों में भेजा गया था।

वर्ष 2026 के लिए सरकार ने 1.21 लाख टन प्याज का बफर स्टॉक तैयार रखा है। अगस्त और सितंबर के महीनों में त्योहारों की मांग और मौसमी कारणों से सप्लाई प्रभावित होने से कीमतें बढ़ती हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि देश में प्याज की कोई कमी नहीं है और बफर स्टॉक के जरिए कीमतें नियंत्रित रखी जाएंगी।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here