Chhattisgarh College Rationalization: छत्तीसगढ़ में पहली बार सरकारी कॉलेजों का होगा युक्तियुक्तकरण, शून्य प्रवेश वाले संस्थानों पर गिरेगी गाज

VIKASH KHALKHO

रायपुर। Nishaanebaz.com-Chhattisgarh College Rationalization: छत्तीसगढ़ के उच्च शिक्षा जगत से इस वक्त की एक बहुत बड़ी और अहम खबर सामने आ रही है। प्रदेश के सरकारी कॉलेजों में पहली बार युक्तियुक्तकरण (Rationalization / Readjustment) की प्रक्रिया शुरू करने की तगड़ी तैयारी चल रही है। राज्य के करीब 7 शासकीय कॉलेज ऐसे हैं जहां पिछले सत्र में एक भी छात्र ने प्रवेश नहीं लिया, जबकि 38 से अधिक कॉलेज ऐसे हैं जहां स्नातक और स्नातकोत्तर कक्षाओं में कुल विद्यार्थियों की संख्या 200 से भी कम है। इन तमाम हालातों को देखते हुए शिक्षा विभाग एक्शन मोड में आ गया है।

उच्च शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा ने क्या दी जानकारी

प्रदेश के कॉलेजों में इस बड़ी प्रशासनिक प्रक्रिया पर उच्च शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा ने स्पष्ट किया है कि वर्तमान में राज्यभर के कॉलेजों में उपलब्ध सीटों की संख्या, प्रवेश की वास्तविक स्थिति और शासन द्वारा आवंटित बजट जैसी तमाम महत्वपूर्ण जानकारियां जुटाई जा रही हैं। उच्च शिक्षा संचालनालय ने क्षेत्रीय कार्यालय के अपर संचालकों को आधिकारिक पत्र जारी कर इन सभी महाविद्यालयों का विस्तृत डेटा मांगा है।

विभाग द्वारा कॉलेजों को छात्रों की दर्ज संख्या के आधार पर मुख्य रूप से 4 श्रेणियों में बांटा गया है—शून्य छात्र संख्या वाले कॉलेज, 1 से 100 छात्र वाले, 101 से 200 छात्र वाले और 201 से 300 विद्यार्थियों वाले महाविद्यालय। संचालनालय ने वर्ष 2021-22 से लेकर 2025-26 तक का पूरा रिकॉर्ड तलब किया है।

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पिछले 5 साल का मांगा गया पूरा ब्योरा और आंकड़े

शिक्षा विभाग ने तैयारी तेज करते हुए इन सभी चिन्हित कॉलेजों से पिछले पांच वर्षों के एडमिशन रिकॉर्ड, स्वीकृत सीटों की संख्या, व्याख्याताओं व प्रोफेसर्स के स्वीकृत व रिक्त पदों, तथा शासन से मिले बजट का पूरा ब्योरा मांगा है। इसके साथ ही, यह भी पड़ताल की जा रही है कि संबंधित कॉलेज के आसपास अन्य महाविद्यालयों की दूरी कितनी है और स्कूली स्तर पर उस क्षेत्र में वर्तमान में छात्र संख्या की क्या स्थिति है।

कॉलेजों को बीए (BA), बीकॉम (B.Com), बीएससी (B.Sc) समेत विभिन्न पाठ्यक्रमों में वर्षवार दर्ज विद्यार्थियों का विवरण देना होगा ताकि यह समीक्षा की जा सके कि पिछले 5 वर्षों में छात्रों की संख्या में लगातार गिरावट आई है या बढ़ोतरी हुई है। इस पूरी कवायद से उन सरकारी कॉलेजों के भविष्य को लेकर बड़ा निर्णय लिया जा सकता है, जो संसाधनों के मुकाबले बेहद कम छात्र संख्या दर्ज कर रहे हैं।

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विकास कुमार खलखो एक डिजिटल पत्रकार, समाचार संपादक और SEO कंटेंट क्रिएटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में एक दशक से अधिक का अनुभव है। उन्होंने BJMC, Master of Journalism (MJ) और M.Phil. (मीडिया स्टडीज़) की डिग्री हासिल की है और दबंग दुनिया, हमर छत्तीसगढ़ योजना, हरिभूमि, सन स्टार डेली न्यूज़ और छत्तीसगढ़ की आवाज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। उन्हें हिंदी पत्रकारिता, ब्रेकिंग न्यूज़ कवरेज, SEO-फ्रेंडली कंटेंट राइटिंग, डिजिटल पब्लिशिंग, कंटेंट स्ट्रैटेजी, थंबनेल डिज़ाइन और सोशल मीडिया मैनेजमेंट में विशेष महारत हासिल है। उनका उद्देश्य सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों तक प्रभावशाली समाचार पहुँचाना और साथ ही उच्च गुणवत्ता वाला डिजिटल कंटेंट तैयार करना है।
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