Ujjain Shahi Masjid Dispute: निशानेबाज न्यूज़ डेस्क- उज्जैन में शाही मस्जिद के एक हिस्से को हटाने को लेकर चल रहा विवाद अब राजनीतिक बयानबाजी तक पहुंच गया है। AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी और राज्यसभा सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने इस कार्रवाई पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। ओवैसी ने मस्जिदों को हटाने की कार्रवाई पर सवाल उठाए, जबकि इमरान प्रतापगढ़ी ने प्रशासन से संवेदनशीलता बरतने और ऐतिहासिक धरोहर का सम्मान करने की अपील की।
इस बीच उज्जैन पुलिस ने AIMIM के प्रदेश अध्यक्ष मोहसिन अली खान को हिरासत में ले लिया है। जानकारी के मुताबिक, वह भोपाल से उज्जैन की शाही मस्जिद की ओर जा रहे थे। उन्हें नागझिरी पुलिस थाने में रखा गया है।
ओवैसी बोले- मस्जिदों को ऐसे नहीं हटा सकती सरकार
AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने उज्जैन की शाही मस्जिद के एक हिस्से को हटाने की कार्रवाई पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सरकार इस तरह मस्जिदों को नहीं हटा सकती। उन्होंने विरोध कर रहे लोगों का समर्थन करते हुए कहा कि लोग गांधीवादी तरीके से प्रदर्शन कर रहे हैं।
ओवैसी ने वक्फ कानून में किए गए संशोधनों का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि इसके जरिए कलेक्टर और सरकारों को दी गई शक्तियों का इस्तेमाल मस्जिदों, दरगाहों, खानकाहों, कब्रिस्तानों और ईदगाहों को मुसलमानों से छीनने के लिए किया जा सकता है।उन्होंने कहा कि संसद में उन्होंने इस मुद्दे को उठाया था और मौजूदा घटनाक्रम को उसी आशंका से जोड़कर देखा जा रहा है। यह ओवैसी का राजनीतिक बयान है।
इमरान प्रतापगढ़ी ने प्रशासन से संवेदनशीलता बरतने को कहा
राज्यसभा सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर शाही मस्जिद के हिस्से को हटाने की कार्रवाई पर आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि सड़क चौड़ीकरण के नाम पर 600 साल पुरानी धरोहर को हटाने के मामले में प्रशासन को संवेदनशीलता बरतनी चाहिए।प्रतापगढ़ी ने अपनी पोस्ट में इसे नफरत की पराकाष्ठा बताते हुए दावा किया कि मामला न्यायालय में लंबित है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब मामला अदालत में है, तो प्रशासन बार-बार मस्जिद की घेराबंदी करके क्या संदेश देना चाहता है।
सड़क चौड़ीकरण के लिए दूसरी ओर जमीन लेने की अपील
इमरान प्रतापगढ़ी ने अपनी पोस्ट में उज्जैन के युवाओं द्वारा इस मुद्दे पर आवाज उठाए जाने का भी जिक्र किया। उन्होंने प्रशासन से जनभावनाओं का सम्मान करने की अपील की।उन्होंने सुझाव दिया कि सड़क चौड़ीकरण के लिए जरूरी जमीन दूसरी ओर से ली जाए, ताकि ऐतिहासिक धरोहर को हटाने की नौबत न आए। हालांकि, सड़क चौड़ीकरण की वैकल्पिक योजना और अदालत में मामले की मौजूदा स्थिति की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी में नहीं है।
गोपाल मंदिर से कंठाल चौराहे तक सड़क चौड़ीकरण
शाही मस्जिद को लेकर विवाद उज्जैन में सड़क चौड़ीकरण की योजना से जुड़ा है। गोपाल मंदिर से कंठाल चौराहे तक सड़क को चौड़ा किया जाना है। इसी मार्ग में शाही मस्जिद का हिस्सा भी आ रहा है।उपलब्ध जानकारी के अनुसार, मस्जिद का करीब 15 फीट हिस्सा हटाने की योजना है। यह काम वर्ष 2028 में होने वाले सिंहस्थ की तैयारियों के तहत शहर में चल रहे विकास कार्यों से जुड़ा है।
AIMIM प्रदेश अध्यक्ष मोहसिन अली खान हिरासत में
शाही मस्जिद विवाद के बीच उज्जैन पुलिस ने AIMIM के प्रदेश अध्यक्ष मोहसिन अली खान को हिरासत में लिया है। बताया जा रहा है कि वह भोपाल से उज्जैन की शाही मस्जिद की ओर जा रहे थे।पुलिस ने उन्हें नागझिरी थाने में रखा है। हालांकि, हिरासत में लिए जाने के कारण और आगे की कार्रवाई को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है।
मस्जिद विवाद पर बढ़ी राजनीतिक प्रतिक्रियाएं
शाही मस्जिद के हिस्से को हटाने की कार्रवाई को लेकर अलग-अलग राजनीतिक नेताओं की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। ओवैसी ने इसे वक्फ कानून से जोड़ते हुए सवाल उठाए, जबकि इमरान प्रतापगढ़ी ने ऐतिहासिक धरोहर और जनभावनाओं का हवाला देते हुए प्रशासन से कार्रवाई पर पुनर्विचार करने की अपील की।फिलहाल सड़क चौड़ीकरण, मस्जिद के हिस्से को हटाने और इस मामले से जुड़े कानूनी पहलुओं को लेकर विवाद जारी है।






