दुर्ग। Nishaanebaz.com-Durg Police Cattle Smuggling Bust: छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले अंतर्गत धमधा थाना पुलिस ने अवैध रूप से मवेशियों को कत्लखाने ले जाने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आयशर वाहन में क्रूरतापूर्वक ठूंस-ठूंसकर भरे गए 15 मवेशियों को सुरक्षित रेस्क्यू किया है। इस मामले में पुलिस ने उत्तर प्रदेश निवासी दो आरोपियों को मौके से गिरफ्तार कर उनके खिलाफ पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 5 सितंबर को धमधा पुलिस को स्थानीय गौसेवकों के माध्यम से सूचना मिली थी कि नंदिनी क्षेत्र की ओर से एक हरे रंग के आयशर वाहन में मवेशियों को बिना चारा-पानी दिए क्रूरतापूर्वक भरकर धमधा के रास्ते कत्लखाने ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तुरंत हरकत में आते हुए नाकेबंदी शुरू की।
घेराबंदी कर धमधा बस स्टैंड के पास रोका वाहन
पुलिस टीम ने धमधा बस स्टैंड स्थित साहू होटल के सामने घेराबंदी की। इस दौरान संदिग्ध आयशर वाहन को रुकने का इशारा किया गया, लेकिन चालक ने पुलिस को देखकर गाड़ी की रफ्तार बढ़ा दी और भागने का प्रयास किया। पुलिस जवानों ने सूझबूझ से घेराबंदी कर वाहन को रोक लिया। गाड़ी की तलाशी लेने पर उसके पिछले हिस्से को हरे रंग के तिरपाल से ढका हुआ पाया गया।
3 पड़वा और 12 भैंसों का किया गया सुरक्षित रेस्क्यू
तिरपाल हटाकर देखने पर पुलिस टीम के होश उड़ गए। वाहन के भीतर बिना पर्याप्त हवा, चारा और पानी के अत्यंत क्रूरतापूर्वक 3 नग पड़वा (छोटे बच्चे) और 12 नग काले रंग की भैंस, कुल 15 मवेशियों को ठूंसकर रखा गया था। पूछताछ में वाहन चालक शिवशंकर और उसके साथी परविंद कुमार (दोनों निवासी फिरोजाबाद, उत्तर प्रदेश) ने स्वीकार किया कि वे इन मवेशियों को नंदिनी क्षेत्र से ला रहे थे और मध्य प्रदेश के सागर स्थित कत्लखाने ले जा रहे थे।
आरोपी गिरफ्तार, मवेशियों को भेजा गया पशु चिकित्सालय
धमधा पुलिस ने वाहन समेत 15 मवेशियों को अपने कब्जे में ले लिया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत अपराध पंजीकृत कर उन्हें गिरफ्तार किया गया और स्थानीय न्यायालय में प्रस्तुत कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। वहीं, रेस्क्यू किए गए सभी 15 मवेशियों की स्वास्थ्य जांच और उपचार के लिए उन्हें निकटतम पशु चिकित्सालय भेजा गया है।






