महासमुंद पनीर फैक्ट्री छापा अचानक नहीं हुआ, बल्कि शिकायत मिलने के बाद खाद्य विभाग की टीम ने कार्रवाई की। देर रात अधिकारियों के फैक्ट्री पहुंचने के बाद वहां मौजूद तैयार पनीर की जांच और जरूरी प्रक्रिया शुरू की गई।कार्रवाई के दौरान करीब 300 किलो तैयार पनीर को सील किया गया है। अब इस पनीर के सैंपल की जांच रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। रिपोर्ट आने के बाद ही यह साफ होगा कि जब्त किए गए उत्पाद में नियमों का उल्लंघन हुआ है या नहीं।
300 किलो पनीर सील, रिपोर्ट से खुलेगा राज
महासमुंद पनीर फैक्ट्री छापा में खाद्य विभाग द्वारा सील किए गए करीब 300 किलो तैयार पनीर की जांच रिपोर्ट मामले में सबसे अहम होगी। विभाग ने कार्रवाई के दौरान उत्पाद को अपने कब्जे में लेकर सील किया है।प्रशासन अब जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगा। यदि जांच में खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन पाया जाता है तो संबंधित फैक्ट्री के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
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एनालॉग पनीर पर प्रतिबंध के बीच कार्रवाई
महासमुंद पनीर फैक्ट्री छापा ऐसे समय में हुआ है, जब छत्तीसगढ़ में एनालॉग पनीर को लेकर खाद्य विभाग सख्ती कर रहा है। एनालॉग पनीर में सामान्य पनीर के बजाय कुछ दूसरे फैट या सामग्री के इस्तेमाल को लेकर खाद्य सुरक्षा से जुड़े सवाल उठते रहे हैं।इसी वजह से खाद्य विभाग की ओर से ऐसे उत्पादों की जांच और कार्रवाई की जा रही है। हालांकि, वैद्य फूड प्रोडक्ट फैक्ट्री से सील किए गए 300 किलो पनीर की वास्तविक स्थिति जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगी।
तीन घंटे तक चली विभागीय कार्रवाई
महासमुंद पनीर फैक्ट्री छापा की कार्रवाई करीब तीन घंटे तक चलने की जानकारी सामने आई है। रात 12 बजे शुरू हुई कार्रवाई के दौरान खाद्य विभाग की टीम ने फैक्ट्री में मौजूद तैयार उत्पाद की जांच की।कार्रवाई के बाद 300 किलो पनीर को सील कर दिया गया। फिलहाल विभाग की जांच जारी है और प्रशासन की अगली कार्रवाई जांच के नतीजे पर निर्भर करेगी।
जांच रिपोर्ट के बाद क्या होगा?
महासमुंद पनीर फैक्ट्री छापा के बाद अब सबसे ज्यादा नजर जांच रिपोर्ट पर है। रिपोर्ट में उत्पाद की गुणवत्ता और नियमों के पालन से जुड़ी स्थिति सामने आएगी। इसके आधार पर प्रशासन आगे का फैसला लेगा।फिलहाल खाद्य विभाग की कार्रवाई से फैक्ट्री संचालक के सामने जांच का मामला खड़ा हो गया है। रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि 300 किलो सील किए गए पनीर के मामले में आगे क्या कार्रवाई होती है।