Datia Chehallum: दतिया। मध्य प्रदेश के दतिया में इमाम हुसैन और कर्बला के 72 शहीदों के चेहल्लुम के अवसर पर मंगलवार को आस्था, श्रद्धा और गम का अनूठा संगम देखने को मिला। शिया समुदाय की ओर से पारंपरिक मातमी जुलूस निकाला गया, जिसमें हजारों अकीदतमंद शामिल हुए। “या हुसैन” की सदाओं, नौहाख्वानी और मातम के बीच श्रद्धालुओं ने कर्बला के शहीदों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान डबरा से कांग्रेस विधायक सुरेश राजे भी कर्बला दरबार पहुंचे और तबर्रुक (भंडारे) में शामिल होकर मौला इमाम हुसैन के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की।
अलम और ताबूत के साथ निकला मातमी जुलूस
चेहल्लुम के अवसर पर निकला मातमी जुलूस खान साहेबान की हवेली से शुरू हुआ। यह जुलूस कारसदेव की गली, विवेकानंद चौराहा, तलैया मोहल्ला होते हुए सुनरिया नाला स्थित कर्बला पहुंचा। पूरे मार्ग में अकीदतमंद सीना-ज़नी करते हुए “या हुसैन” के नारों के साथ मातम करते रहे। शहर में जगह-जगह लोगों ने जुलूस का स्वागत किया और शरबत व पेयजल की व्यवस्था की।
मजलिस में इमाम हुसैन की कुर्बानी का संदेश
Datia Chehallum: कर्बला पहुंचने के बाद मजलिस का आयोजन किया गया, जिसमें झांसी (उत्तर प्रदेश) से आए मौलाना फरमान आब्दी ने खिताब किया। उन्होंने कर्बला की जंग और इमाम हुसैन की शहादत को इंसानियत, सत्य, न्याय और अत्याचार के खिलाफ संघर्ष का प्रतीक बताते हुए उनके संदेश को अपनाने की अपील की। मजलिस के बाद धार्मिक परंपरा के अनुसार ताजियों का विसर्जन किया गया।
विशाल तबर्रुक में उमड़ा श्रद्धालुओं का जनसैलाब
चेहल्लुम के अवसर पर कर्बला परिसर में विशाल तबर्रुक (भंडारे) का आयोजन किया गया। इसमें दतिया सहित आसपास के जिलों से आए हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण की। पूरे आयोजन के दौरान भाईचारे, सौहार्द और धार्मिक एकता का माहौल देखने को मिला।
कांग्रेस विधायक सुरेश राजे ने जताई आस्था
Datia Chehallum: कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे डबरा विधायक सुरेश राजे ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उनका दतिया कर्बला दरबार से वर्षों पुराना आस्था का संबंध है। उन्होंने बताया कि दतिया विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस की जीत के लिए उन्होंने कर्बला दरबार में मन्नत मांगी थी, जो पूरी हुई। इसी कारण वे मौला इमाम हुसैन का शुक्रिया अदा करने पहुंचे हैं।
उन्होंने कहा, “मैं लंबे समय से कर्बला दरबार से जुड़ा हूं। जब-जब मैंने यहां अर्जी लगाई, मेरी मनोकामना पूरी हुई। इस बार भी कांग्रेस की जीत के लिए दुआ मांगी थी, जो कबूल हुई। आज मैं मौला का शुक्रिया अदा करने आया हूं।”
आस्था और भाईचारे का बना संदेश
Datia Chehallum: चेहल्लुम के अवसर पर आयोजित इस धार्मिक कार्यक्रम में बड़ी संख्या में समाजजन, जनप्रतिनिधि और विभिन्न क्षेत्रों से आए श्रद्धालु शामिल हुए। शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुए इस आयोजन ने एक बार फिर धार्मिक सौहार्द, आस्था और भाईचारे का संदेश दिया। प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे, जिससे पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।