Korba Goat Theft: कोरबा (छत्तीसगढ़): छत्तीसगढ़ के औद्योगिक जिले कोरबा के ग्रामीण अंचल कटघोरा क्षेत्र से चोरी की एक बेहद हैरान करने वाली और अनोखी विसंगतिपूर्ण घटना सामने आई है। यहाँ अज्ञात शातिर चोरों ने एक रिहायशी मकान में बकायदा सेंधमारी की, लेकिन उन्होंने घर के भीतर रखे कीमती सामान, नकदी या आभूषणों को छुआ तक नहीं। इसके बजाय चोर मकान के पिछले हिस्से में बने बाड़े में दाखिल हुए और वहां बंधी करीब 25 से 30 बकरियों को खोलकर अपने साथ ले गए। इस सामूहिक पशु चोरी की घटना के बाद से पूरे सिंधिया गाँव और आसपास के क्षेत्रों में भारी आक्रोश और दहशत का माहौल है। सूचना के बाद हरकत में आई स्थानीय पुलिस ने मामले की विधिक जांच और तफ्तीश शुरू कर दी है।
रात में सोते रहे परिजन, पीछे की दीवार तोड़कर घुसे चोर
प्राप्त विधिक और स्थानीय जानकारी के अनुसार, यह पूरी वारदात कटघोरा ब्लॉक के अंतर्गत आने वाले ग्राम सिंधिया की है। यहाँ के स्थानीय निवासी और पशुपालक रामायण यादव का पूरा परिवार रोजाना की तरह रात में अपने घर के भीतर सो रहा था। इसी दौरान सूनेपन का फायदा उठाकर अज्ञात चोरों के एक बड़े समूह ने मकान के पिछले हिस्से की मजबूत दीवार को तोड़ दिया और घर के भीतर प्रवेश किया। चोरों ने बेहद शातिराना तरीके से बिना कोई आवाज किए बाड़े में मौजूद 25 से 30 बकरियों को एक-एक कर बाहर निकाला और रात के अंधेरे में ही फरार हो गए। सुबह जब परिवार के सदस्यों की नींद खुली, तो उन्हें बाड़ा पूरी तरह खाली मिला और पीछे की दीवार टूटी हुई दिखाई दी, जिससे इस बड़ी चोरी का भंडाफोड़ हुआ।
लाखों रुपये की बताई जा रही बकरियां, पुलिस को संगठित गिरोह पर शक
पीड़ित पशुपालक रामायण यादव के परिवार ने बताया कि चोरी गई बकरियों की कुल संख्या लगभग 25 से 30 के बीच है, जिनकी अनुमानित बाजार कीमत लाखों रुपये आंकी जा रही है। एक साथ इतनी बड़ी संख्या में मवेशियों की चोरी होने से पूरे क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों में भारी हड़कंप मच गया है। आक्रोशित ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में पहले भी छोटी-मोटी चोरियां होती रही हैं, लेकिन इस तरह सीधे पशुधन को इतने बड़े पैमाने पर निशाना बनाने का यह पहला मामला है।
घटना की आधिकारिक विधिक सूचना मिलते ही कटघोरा थाना पुलिस की टीम तुरंत दलबल के साथ मौके पर पहुंची और घटनास्थल का सघन निरीक्षण किया। पुलिस ने टूटी हुई दीवार और चोरों के आने-जाने वाले संभावित रास्तों की जांच की है। कटघोरा पुलिस अधिकारियों का विधिक तौर पर मानना है कि शुरुआती जांच के आधार पर यह पूरी वारदात किसी बड़े संगठित और सुनियोजित मवेशी चोर गिरोह की लग रही है। एक साथ इतनी बड़ी संख्या में पशुओं को हाँककर या किसी वाहन में लादकर ले जाना किसी एक या दो व्यक्तियों के बस की बात नहीं है। फिलहाल पुलिस आसपास के संदिग्धों और सीसीटीवी (CCTV) फुटेज खंगालकर आरोपियों की सरगर्मी से तलाश कर रही है।







