Chhattisgarh Child Abuse Case: दुर्ग: छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के छावनी थाना क्षेत्र से एक बेहद दिल दहला देने वाली और शर्मनाक घटना सामने आई है। यहाँ एक ही पड़ोस में रहने वाले एक 17 वर्षीय नाबालिग लड़के ने मर्यादाओं को ताक पर रखकर दो सगी मासूम बहनों को अपनी हवस का शिकार बनाया है। पीड़ित बच्चियों की उम्र महज 7 साल और 9 साल बताई जा रही है। आरोपी लड़का दोनों बच्चियों को अपने घर में खेलने के बहाने बुलाता था, जहाँ उसने इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए छावनी थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नाबालिग आरोपी को अपनी हिरासत में ले लिया है।
पेट दर्द से तड़पने लगी मासूम, तब सामने आई पूरी सच्चाई
यह दर्दनाक मामला गुरुवार, 2 जुलाई को तब उजागर हुआ जब दोनों बहनों में से छोटी (7 वर्षीय) बच्ची के पेट और प्राइवेट पार्ट में अचानक असहनीय दर्द शुरू हो गया। बच्ची रोते हुए अपने घर पहुँची और दर्द से बुरी तरह तड़पने लगी। उसकी नाजुक हालत और रोने का ढंग देखकर परिजनों को किसी अनहोनी का गहरा अंदेशा हुआ। इसके बाद जब बच्चियों के चाचा और माता-पिता ने दोनों बहनों को अलग ले जाकर बहुत ही संवेदनशीलता के साथ पूछताछ की, तब मासूमों ने अपने साथ हुई इस खौफनाक आपबीती को बयां किया। सच्चाई सामने आते ही आक्रोशित और दुखी परिजन तुरंत छावनी थाने पहुँचे और मामले की लिखित रिपोर्ट दर्ज कराई।
पुराना विवाद और भरोसे का फायदा उठाकर किया कृत्य
पीड़ित बच्चियों के रिश्तेदारों ने बताया कि सगे पड़ोसी होने के नाते दोनों परिवारों के बीच लंबे समय से एक-दूसरे के घर आना-जाना था। इसी आपसी पड़ोस धर्म और भरोसे के चलते बच्चे भी अक्सर बिना किसी झिझक के एक-दूसरे के घर खेलने चले जाते थे। हालांकि, यह बात भी सामने आ रही है कि दोनों परिवारों के बीच पिछले कुछ समय से किसी बात को लेकर पुराना विवाद भी चल रहा था। आरोपी ने इसी भरोसे और विवाद की आड़ में इन मासूम बच्चियों को अपना निशाना बनाया।
‘अपराधियों में हो कानून का खौफ, चले बुलडोजर’
इस घटना के बाद से पूरे इलाके के नागरिकों और पीड़ित परिवार में भारी आक्रोश व्याप्त है। पीड़ित परिवार ने जिला प्रशासन और छत्तीसगढ़ सरकार से मांग की है कि ऐसे हैवानियत भरे कृत्य करने वाले अपराधियों के मन में कानून का कड़ा खौफ होना चाहिए। उन्होंने पुलिस प्रशासन से आरोपी को सख्त से सख्त कानूनी सजा दिलाने की वकालत की है। इसके साथ ही, पीड़ित पक्ष ने उत्तर प्रदेश और देश के अन्य हिस्सों की तर्ज पर आरोपी के मकान पर तत्काल बुलडोजर चलाने (Demolition Action) की भी पुरजोर मांग की है, ताकि समाज में एक कड़ा संदेश जा सके। पुलिस ने बच्चियों का डॉक्टरी मुलाहजा करवाकर मामले की विस्तृत कानूनी जांच शुरू कर दी है।







