Khallari ropeway accident : रायपुर : रायपुर में महासमुंद के खल्लारी रोपवे हादसे में जान गंवाने वाली 28 वर्षीय शिक्षिका आयुषी धावरे का अंतिम संस्कार किया गया। इस हादसे में उनके पति ऋषभ धावरे गंभीर रूप से घायल हैं और उनकी कमर टूटने के कारण वे उठ-बैठ भी नहीं पा रहे हैं। उनका इलाज कौशल्या विहार स्थित एक निजी अस्पताल में चल रहा है।
Khallari ropeway accident : अंतिम दर्शन के लिए आयुषी का शव अस्पताल लाया गया, जहां अंतिम संस्कार से पहले की रस्में पूरी की गईं। पत्नी को सुहागन की तरह विदाई देने के लिए ऋषभ ने सिंदूर से मांग भरने की कोशिश की, लेकिन वे दर्द के कारण हाथ तक नहीं उठा पाए। प्रयास करते ही वे पीड़ा से कराह उठे और बिस्तर पर ही रोते रहे। वे न तो पत्नी का अंतिम चेहरा ठीक से देख सके और न ही अंतिम विदाई में शामिल हो पाए। यह दृश्य देख वहां मौजूद लोग ही नहीं, बल्कि नर्स और मेडिकल स्टाफ भी भावुक हो गए।
Khallari ropeway accident : इसके बाद आयुषी का शव राजातालाब ले जाया गया और फिर मणिकर्णिका मुक्तिधाम में अंतिम संस्कार किया गया। आयुषी की शादी महज चार महीने पहले 23 नवंबर 2025 को ऋषभ धावरे से हुई थी। वे पाटन के आत्मानंद स्कूल में शिक्षिका के रूप में कार्यरत थीं। 22 मार्च को दोनों परिवार के साथ देवी दर्शन के लिए खल्लारी गए थे। दर्शन के बाद लौटते समय रोपवे अचानक टूटकर गिर गया, जिसमें आयुषी की मौत हो गई।
Khallari ropeway accident : इस हादसे में ऋषभ के छोटे भाई और बहन समेत परिवार के अन्य सदस्य भी घायल हुए हैं। कुल 16 श्रद्धालु घायल हुए, जिनमें से 8 को गंभीर चोटें आई हैं और सभी का इलाज विभिन्न निजी अस्पतालों में जारी है।
Khallari ropeway accident : घटना की जांच पुलिस और प्रशासन द्वारा की जा रही है। मृतका के परिजनों ने आरोप लगाया है कि हादसे के बाद काफी देर तक घायलों को समय पर मदद नहीं मिल सकी।यह हादसा न केवल एक परिवार के लिए गहरा दुख लेकर आया, बल्कि सुरक्षा व्यवस्थाओं पर भी गंभीर सवाल खड़े कर गया है।











