metro underground : इंदौर बनेगा भविष्य का ‘आदर्श महानगर’ : मेट्रो भूमिगत, ई-बस, महिला सुरक्षा और मेगा कन्वेंशन सेंटर पर मुहर

VIKASH KHALKHO

metro underground : इंदौर। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में रविवार को इंदौर में आयोजित एक उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक में शहर के समग्र एवं दीर्घकालिक विकास का रोडमैप तैयार किया गया। बैठक में जिले के सभी विधायक, विभिन्न विभागों के सचिव, एमडी और वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। इस दौरान इंदौर के इंफ्रास्ट्रक्चर, यातायात, उद्योग, पर्यटन और सामाजिक विकास से जुड़े कई बड़े और दूरगामी निर्णय लिए गए, जो आगामी 25 वर्षों में इंदौर को एक आदर्श और सुरक्षित महानगर बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होंगे।

metro underground : बैठक का सबसे महत्वपूर्ण और बहुप्रतीक्षित फैसला इंदौर मेट्रो रेल परियोजना से संबंधित था। मुख्यमंत्री ने खजराना से बड़ा गणपति तक मेट्रो ट्रेन को भूमिगत (अंडरग्राउंड) करने के प्रस्ताव को तत्काल प्रभाव से मंजूरी दी। उन्होंने प्रेस वार्ता में स्पष्ट किया कि अंडरग्राउंड रूट पर सभी की सहमति बन गई है, और इस पर आने वाले 800 से 900 करोड़ रुपये के अतिरिक्त व्यय को प्रदेश सरकार स्वयं वहन करेगी। इसके साथ ही, शहर के महत्वपूर्ण बीआरटीएस कॉरिडोर पर एलिवेटेड कॉरिडोर के निर्माण का भी निर्णय लिया गया है, जिससे यातायात जाम की समस्या से स्थायी निजात मिल सकेगी।

metro underground : शहर के औद्योगिक और व्यावसायिक विकास को नई गति देने के लिए भी बड़े कदम उठाए गए हैं। सीएम डॉ. यादव ने बताया कि एमआर-10 क्षेत्र में देश का सबसे बड़ा कन्वेंशन सेंटर और एक अत्याधुनिक स्टार्टअप हब विकसित करने के लिए जमीन चिन्हित कर ली गई है। इसके अलावा, प्रशासन मास्टर प्लान और जोनल प्लान पर तेजी से काम कर रहा है ताकि सुनियोजित विकास को सुनिश्चित किया जा सके। मुख्यमंत्री ने इंदौर को स्लम-फ्री शहर बनाने, निवासियों को शुद्ध ऑक्सीजन और बेहतर पर्यावरण उपलब्ध कराने के लिए ठोस योजनाएं बनाने का भी निर्देश दिया।

metro underground : बैठक में केवल इंफ्रास्ट्रक्चर ही नहीं, बल्कि सामाजिक और आर्थिक पहलुओं पर भी गहन मंथन हुआ। आगामी 25 वर्षों के ट्रैफिक प्रबंधन की रणनीति, ई-बस सेवाओं का विस्तार, और विभिन्न राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। धार में प्रस्तावित पीएम मित्रा पार्क को राष्ट्रीय राजमार्ग से जोड़ने की योजना पर भी चर्चा हुई। धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ महिला सुरक्षा, ड्रग्स नियंत्रण, हेल्थ टूरिज्म और रोजगार सृजन के लिए आईटी और फूड पार्क जैसे विषयों पर भी अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जोर देकर कहा कि इंदौर को देश के बड़े शहरों के सफल मॉडलों से सीख लेकर भविष्य के लिए तैयार किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी परियोजनाएं समय-सीमा में और गुणवत्ता के साथ पूरी हों। ये महत्वाकांक्षी निर्णय यह दर्शाते हैं कि इंदौर अब केवल ‘मिनी मुंबई’ नहीं, बल्कि भविष्य के ‘आदर्श महानगर’ के रूप में अपनी नई पहचान बनाने के लिए तैयार है।

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विकास कुमार खलखो एक डिजिटल पत्रकार, समाचार संपादक और SEO कंटेंट क्रिएटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में एक दशक से अधिक का अनुभव है। उन्होंने BJMC, Master of Journalism (MJ) और M.Phil. (मीडिया स्टडीज़) की डिग्री हासिल की है और दबंग दुनिया, हमर छत्तीसगढ़ योजना, हरिभूमि, सन स्टार डेली न्यूज़ और छत्तीसगढ़ की आवाज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। उन्हें हिंदी पत्रकारिता, ब्रेकिंग न्यूज़ कवरेज, SEO-फ्रेंडली कंटेंट राइटिंग, डिजिटल पब्लिशिंग, कंटेंट स्ट्रैटेजी, थंबनेल डिज़ाइन और सोशल मीडिया मैनेजमेंट में विशेष महारत हासिल है। उनका उद्देश्य सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों तक प्रभावशाली समाचार पहुँचाना और साथ ही उच्च गुणवत्ता वाला डिजिटल कंटेंट तैयार करना है।
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